रायपुर

Raipur News: ताले में बंद करोड़ों का स्टूडियो, मोबाइल से वीडियो बनाने को मजबूर छात्र

KTU News: कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (केटीयू) में करोड़ों खर्च कर अत्याधुनिक स्टूडियो तैयार किया गया था, लेकिन हालत यह है छात्र मोबाइल से वीडियो बनाने को मजबूर है..
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May 30, 2026
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केटीयू में स्टूडियो संचालित करने कोई टेक्निशियन नहीं ( Photo - Patrika )

Raipur News: तकनीकी शिक्षा और डिजिटल मीडिया प्रशिक्षण को आधुनिक स्वरूप देने के उद्देश्य से कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (केटीयू) में करोड़ों खर्च कर अत्याधुनिक स्टूडियो तैयार किया गया था, लेकिन हालत यह है कि पिछले 1 साल से ज्यादा समय से स्टूडियो का उपयोग छात्र ही नहीं कर पा रहे है। ( Chhattisgarh News) जिन संसाधनों से छात्रों को प्रोफेशनल ब्रॉडकास्टिंग और डिजिटल कंटेंट प्रोडक्शन की ट्रेनिंग मिलनी थी, वे अब धूल खा रहे हैं।

Raipur News: विद्यार्थी फोन से बनाते हैं वीडियो

KTU News: जानकारों की मानें तो स्थिति इतनी खराब है कि स्टूडियो में लगे कैमरे, कंट्रोल सिस्टम और दूसरे उपकरणों को ऑपरेट करना तक किसी कर्मचारी को नहीं आता। न ही इसे संचालित करने के लिए कोई मेन पॉवर है। इसके चलते विद्यार्थी मोबाइल फोन से ही वीडियो बनाकर प्रोजेक्ट और प्रैक्टिकल कार्य पूरा करने को मजबूर हैं।

कुलपति को भी नहीं स्टूडियो की वास्तविक स्थिति की जानकारी

विश्वविद्यालय के अधिकारियों को स्टूडियो की वर्तमान स्थिति की पूरी जानकारी नहीं है। कुलपति स्तर तक यह मामला गंभीरता से नहीं पहुंच पाया है। वहीं, स्टूडियो संचालन के लिए अलग से तकनीकी कर्मचारियों की नियुक्ति भी नहीं की गई। स्टूडियो का एयर कंडीशनिंग सिस्टम भी लंबे समय से खराब बताया जा रहा है। कुलपति प्रो. मनोज दयाल ने बताया कि अभी कैंपस की स्थिति को धीरे-धीरे सुधारा जा रहा है। मैंने अभी अभी यहां आया हूं। जल्द ही सब चीजें ठीक कर ली जाएंगी। इस विषय पर संबंधित अधिकारियों से चर्चा करता हूं।

KTU News: विद्यार्थियों में नाराजगी, बोले- स्टूडियो दिखाकर ही प्रवेश दिलाया गया

विद्यार्थियों ने बताया कि विश्वविद्यालय लगातार आधुनिक सुविधाओं के दावे करता है, लेकिन जमीनी स्तर पर उन्हें उसका लाभ नहीं मिल रहा। प्रवेश के समय स्टूडियो को दिखाकर ही प्रवेश दिलाया गया था। लेकिन प्रवेश लेने के डेढ़ साल बाद भी इसका उपयोग करने का मौका नहीं मिला है। न ही किसी सीनियर स्टूडेंट्स को भी यहां वीडियो बनाते देखा है। मीडिया प्रोडक्शन और एंकरिंग जैसे विषयों की पढ़ाई करने वाले स्टूडेंट्स मोबाइल कैमरे से वीडियो शूट और उसकी एडिटिंग करते हैं। डिपार्टमेंट के फैकल्टीज का कहना है कि स्टूडेंट्स को मोबाइल में वीडियो बनाने और वीडियो एडिट करने में सहूलियत होती है।

Updated on:
30 May 2026 07:28 pm
Published on:
30 May 2026 07:28 pm