रायपुर

10 लाख आबादी को मिलेगी राहत? रायपुर में पहली बार लागू होगा लेनिंग सिस्टम, जानें क्या बदलेगा?

Lane System: राजधानी के सबसे व्यस्त जोरा-टाटीबंध-कुम्हारी मार्ग पर अब ट्रैफिक व्यवस्था बदलने की तैयारी है। मेट्रो सिटी की तर्ज पर पहली बार लेनिंग सिस्टम लागू किया जाएगा।
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Aug 29, 2026
Chhattisgarh News
पहली बार लागू होगा लेनिंग सिस्टम (फोटो सोर्स- पत्रिका)

रायपुर@अजय रघुवंशी।Traffic Rules: राजधानी रायपुर के सबसे व्यस्त जोरा-टाटीबंध-कुम्हारी मार्ग पर अब ट्रैफिक व्यवस्था का नया प्रयोग होने जा रहा है। मेट्रो सिटी की तर्ज पर पहली बार लेनिंग सिस्टम लागू करने की कवायद शुरू की गई है। इसमें भारी वाहनों को बाईं तरफ की लेन में चलना अनिवार्य किया जाएगा। एनएचएआई और यातायात पुलिस ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। रिंग रोड-1 पर यह व्यवस्था लागू होगी। वर्तमान में कई स्थानों पर इसके बोर्ड लगाए गए हैं।

10 लाख आबादी को मिलेगी राहत

राजधानी रायपुर के भीतर रिंग रोड-1 से होकर रोजाना मुंबई-हावड़ा मार्ग के साथ मध्यप्रदेश, ओडिशा, झारखंड, महाराष्ट्र और आंध्रप्रदेश आदि राज्यों की ओर जाने वाले भारी वाहन गुजरते हैं। ट्रकों की बेतरतीब आवाजाही और बार-बार लेन बदलने से इस मार्ग पर जाम के साथ दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है। ऐसे में लेनिंग सिस्टम लागू होने से रिंग रोड-1 और आसपास रहने वाली 10 लाख से अधिक आबादी को राहत मिलने की उम्मीद है।

वहीं, रिंग रोड के करीब 10 मीटर चौड़ीकरण के बाद सड़क की क्षमता बढ़ने से नई व्यवस्था का असर और बेहतर होने की संभावना है। केंद्र सरकार ने 26 जुलाई 2021 को राज्यसभा में भी इस नियम को स्पष्ट रूप से बताया था। सरकार ने जवाब में कहा था कि मल्टी-लेन कैरिजवे पर भारी वाहन बाईं लेन में चलेंगे।

रिंग रोड से ट्रांसफार्मर, खंभे हटाने का काम शुरू

अधिकारियों के मुताबिक, रिंग रोड के सर्विस रोड चौड़ीकरण के प्रोजेक्ट में सीएसपीडीसीएल ने ट्रांसफार्मर और बिजली के खंभों को हटाने की कवायद शुरू कर दी है। एनएचएआई के प्रोजेक्ट के मुताबिक, वाहनों के दबाव को देखते हुए रिंग रोड के सर्विस रोड को दोनों तरफ 10-10 मीटर चौड़ा किया जाएगा। इससे कार, बस, दोपहिया आदि वाहनों को इस लेन में चलने में आसानी होगी।

सिग्नलों को लेफ्ट टर्न फ्री करने की कवायद

यातायात विभाग ने शहर के 18 सिग्नलों को लेफ्ट टर्न फ्री करने की कवायद भी शुरू कर दी है। इसके लिए 18 महीने की मियाद तय की गई है। इन 18 चौक-चौराहों में भारतमाता चौक से लेकर लाखेनगर चौक, खम्हारडीह चौक, शंकर नगर, सिविल लाइन, शास्त्री चौक, कालीबाड़ी चौक, फाफाडीह चौक, शारदा चौक, अनुपम नगर चौक, भगत सिंह चौक, तेलीबांधा थाना चौक, राजीव गांधी-सुभाष स्टेडियम चौक आदि शामिल हैं।

इन प्रमुख सड़कों पर लागू

  1. दिल्ली की सड़कें: दिल्ली में बसों और भारी वाहनों को बाईं लेन में चलाने के लिए अभियान चलाया गया है। 2016 में दिल्ली सरकार ने क्लस्टर बसों को बाईं लेन में चलाने के लिए अभियान शुरू किया था।
  2. गुरुग्राम-एनएच-48, हरियाणा: एनएच-48 पर भारी वाहनों के लिए बाईं लेन में चलने का नियम लागू कराने के लिए विशेष अभियान चल चुका है। उल्लंघन पर चालान भी किए गए हैं।
  3. पुणे-मुंबई एक्सप्रेस-वे: यहां भारी वाहनों को बाईं लेन में रखने के लिए पुलिस ने विशेष अभियान चलाया है। पुणे-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर इस संबंध में स्थानीय स्तर पर लेन-डिसिप्लिन संबंधी निर्देश जारी किए गए हैं।
  4. केरल: 25 अगस्त 2026 को केरल पुलिस ने फिर से लेन अनुशासन को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिसमें धीमे और भारी वाहनों को बाईं लेन में चलने की सलाह दी गई है।
  5. महाराष्ट्र समृद्धि महामार्ग: समृद्धि एक्सप्रेस-वे नागपुर, वर्धा, अमरावती, जालना, औरंगाबाद, अहमदनगर, नासिक और ठाणे सहित 10 प्रमुख जिलों को जोड़ता है। इस मार्ग से मुंबई से नागपुर की यात्रा 8 घंटे रह गई है।

सतीश ठाकुर, एसीपी ट्रैफिक के मुताबिक, पहले चरण में जोरा-टाटीबंध-कुम्हारी तक लेनिंग सिस्टम लागू किया जा रहा है। एनएचएआई और यातायात पुलिस के संयुक्त प्रयास से 100 से 500 मीटर के अंतराल पर बोर्ड लगाकर भारी वाहन चालकों को नियमों से अवगत कराया जा रहा है।

Updated on:
29 Aug 2026 01:44 pm
Published on:
29 Aug 2026 01:44 pm