
Public Facilities: छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर में बढ़ती बसाहट और आवाजाही के बावजूद जरूरी जनसुविधाओं का अपेक्षित विस्तार नहीं हो पाया है। अलग-अलग सेक्टरों में रहवासियों को मेडिकल सुविधा, सार्वजनिक परिवहन, पार्किंग, पेयजल सहित कई जरूरी व्यवस्थाओं की कमी का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं को लेकर पत्रिका के लगातार अभियान के बाद अब नवा रायपुर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) ने सुविधाओं के विस्तार की दिशा में कवायद शुरू कर दी है।
एनआरडीए ने नवा रायपुर के अलग-अलग सेक्टरों में कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी), ऑटो स्टैंड, इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशन सहित अन्य जनसुविधाएं विकसित करने के लिए टेंडर जारी किए हैं। इसके लिए संबंधित फर्मों से आवेदन मंगाए गए हैं। माना जा रहा है कि इन सुविधाओं के विकसित होने से रहवासियों के साथ ही नवा रायपुर में आने-जाने वाले लोगों को भी राहत मिलेगी।
नवा रायपुर के कई सेक्टरों में पिछले कुछ वर्षों में आवासीय और व्यावसायिक गतिविधियां बढ़ी हैं। इसके साथ ही यहां रहने वाले लोगों और रोजाना आवाजाही करने वालों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। हालांकि, आबादी बढ़ने की रफ्तार के अनुरूप मूलभूत सुविधाओं का विस्तार नहीं हो पाया। कई क्षेत्रों में पेयजल, मेडिकल सुविधा, इमरजेंसी सेवाएं, पार्किंग और पब्लिक ट्रांसपोर्ट जैसी व्यवस्थाओं की कमी महसूस की जा रही है। वहीं कॉमन फैसिलिटी सेंटर भी अभी कुछ चुनिंदा स्थानों तक ही सीमित हैं।
एनआरडीए की ओर से जारी टेंडर के तहत अलग-अलग सेक्टरों में लोगों की जरूरत के हिसाब से सुविधाएं विकसित करने की योजना है। इसमें कॉमन सर्विस सेंटर, ऑटो स्टैंड और इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशन प्रमुख हैं। इसके अलावा अन्य जनसुविधाओं को भी विकसित करने की दिशा में काम किया जा रहा है।ईवी वाहनों की संख्या लगातार बढ़ने के बीच चार्जिंग स्टेशन की सुविधा नवा रायपुर में रहने वाले लोगों के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। वहीं ऑटो स्टैंड विकसित होने से सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को भी बेहतर करने में मदद मिल सकती है।
नवा रायपुर अटल नगर की आवासीय कॉलोनियों में रहवासियों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं को लेकर नवा रायपुर वेलफेयर एसोसिएशन ने एनआरडीए को सुझाव सौंपे हैं। एसोसिएशन ने सुरक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा, शौचालय, पेयजल, कचरा प्रबंधन, गार्डन, खेल मैदान और सामुदायिक भवन जैसी सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया है। रहवासियों का कहना है कि कॉलोनियों के विस्तार के साथ इन सुविधाओं को भी प्राथमिकता के आधार पर विकसित किया जाना जरूरी है।
कॉलोनियों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी रहवासियों ने कई सुझाव दिए हैं। पुलिस गश्त बढ़ाने के साथ ही कबाड़ियों के अनधिकृत प्रवेश पर रोक लगाने की मांग की गई है। इसके अलावा मुख्य द्वारों और डिवाइडर वाली सड़कों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की कार्रवाई करने की मांग की गई है। पुलिसिंग और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए गृह विभाग से भी पहल करने का आग्रह किया गया है।
स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर विभागीय अधिकारियों ने एसोसिएशन को जानकारी दी कि सेक्टर-30 में निजी अस्पताल संचालित हो रहा है। वहीं सेक्टर-27 और 29 में अस्पताल के लिए जमीन आरक्षित की गई है। इन स्थानों पर जल्द निर्माण कराने की प्रक्रिया की जानकारी भी अधिकारियों ने दी है। इससे नवा रायपुर के रहवासियों को इलाज के लिए दूसरे क्षेत्रों पर निर्भरता कम होने की उम्मीद है।
शिक्षा सुविधा को लेकर भी एनआरडीए की ओर से जानकारी दी गई है। नवा रायपुर के विभिन्न सेक्टरों में स्कूलों के लिए भूखंड आवंटित किए गए हैं। इससे आने वाले समय में आवासीय क्षेत्रों के आसपास शिक्षा की सुविधा विकसित होने की संभावना है।
नवा रायपुर में वर्तमान में जिन प्रमुख सुविधाओं की कमी महसूस की जा रही है, उनमें मेडिकल सुविधा, ईवी चार्जिंग स्टेशन, पब्लिक टॉयलेट, वाटर एटीएम, मोटर मैकेनिक शॉप, पब्लिक ट्रांसपोर्ट और ऑटो स्टैंड शामिल हैं। अब एनआरडीए की ओर से शुरू की गई कवायद के बाद इन सुविधाओं के विस्तार की उम्मीद बढ़ी है।