
Labourers Death: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में तेज रफ्तार वाहन ने सड़क पर काम कर रहे तीन मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया। मंदिरहसौद थाना क्षेत्र के सेरीखेड़ी रेलवे ओवरब्रिज पर हुए इस हादसे में राजस्थान निवासी दो मजदूरों की मौत हो गई, जबकि तीसरा मजदूर घायल है। हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ अपराध दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, घटना 28 अक्टूबर की सुबह करीब 9:30 बजे की है। ग्राम सेरीखेड़ी में रेलवे ओवरब्रिज के उतार पर एनएच-53 के बीच बने सीमेंट के डिवाइडर पर पेंटिंग का काम चल रहा था। इस काम में कपिल सैनी उर्फ गोलू (24), पिंटू माली (45) और थनवा सहित अन्य मजदूर लगे हुए थे। सड़क पर काम के दौरान सुरक्षा के लिए स्टापर लगाए गए थे। मजदूर सड़क के बीचोंबीच डिवाइडर पर पेंटिंग कर रहे थे। इसी दौरान आरंग की तरफ से तेज रफ्तार में आ रहा एक अज्ञात वाहन स्टापर को टक्कर मारते हुए आगे बढ़ा और मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि तीनों मजदूर घायल होकर सड़क पर गिर पड़े।
हादसे में गंभीर रूप से घायल कपिल सैनी उर्फ गोलू को उपचार के लिए मंदिरहसौद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। उसके सिर में गंभीर चोट आई थी। वहीं, पिंटू माली को उपचार के लिए रायपुर के डीकेएस सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां इलाज के दौरान 29 अक्टूबर की सुबह उसकी मौत हो गई। तीसरे मजदूर थनवा को भी चोटें आई हैं। उसे डीकेएस अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका उपचार जारी है।
हादसे में जान गंवाने वाले कपिल सैनी उर्फ गोलू और पिंटू माली राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले के श्यारोली क्षेत्र के रहने वाले थे। दोनों मजदूरी के सिलसिले में रायपुर आए थे। एक ही हादसे में दो मजदूरों की मौत से उनके परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
घटना के बाद अज्ञात वाहन चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने मामले में अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। हादसा कैसे हुआ और वाहन किस दिशा में फरार हुआ, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस वाहन की पहचान करने के साथ चालक की तलाश में जुटी है। सेरीखेड़ी ओवरब्रिज पर हुआ यह हादसा सड़क पर काम करने वाले मजदूरों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े करता है। व्यस्त राष्ट्रीय राजमार्ग पर पेंटिंग जैसे काम के दौरान सुरक्षा के इंतजाम होने के बावजूद तेज रफ्तार वाहन मजदूरों तक पहुंच गया और दो परिवारों ने अपने सदस्यों को खो दिया।