
Rajgarh Hospital Toilet Fetus: मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले के ब्यावरा से मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। घटना ब्यावरा के सिविल अस्पताल की है जहां टॉयलेट को जाम समझकर सफाईकर्मी सफाई करने पहुंचा तो सीट में करीब छह माह का भ्रूण फंसा मिला। सफाई के दौरान भ्रूण को देखते ही कर्मचारी ने तुरंत अस्पताल प्रबंधन को सूचना दी। देखते ही देखते अस्पताल परिसर में सनसनी फैल गई। आशंका है कि कोई अज्ञात महिला नवजात को शौचालय में छोड़कर चली गई।
अस्पताल में मेटरनिटी और सोनोग्राफी वार्ड के पास ही महिलाओं के लिए शौचालय बना हुआ है। जिसके एक बाथरूम का टॉयलेट जाम हो गया था। समस्या दूर करने के लिए सफाईकर्मी सफाई करने पहुंचा था। सफाई के दौरान जब उसने टॉयलेट की सीट को देखा तो उसमें भ्रूण फंसा हुआ था। कर्मचारी ने तत्काल इसकी सूचना अस्पताल प्रबंधन को दी। अस्पताल प्रबंधन की सूचना पर देहात थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने नवजात के शव को बाहर निकलवाकर आवश्यक पंचनामा कार्रवाई की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सिविल अस्पताल प्रबंधन ने पिछले एक सप्ताह में अस्पताल आने वाली महिलाओं और प्रसव से संबंधित रिकॉर्ड की जांच कराई। प्रबंधन का कहना है कि रिकॉर्ड में ऐसी कोई महिला सामने नहीं आई है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि संभवत: कोई बाहरी महिला नवजात को शौचालय में छोड़कर चली गई। अस्पताल प्रबंधन का ये भी कहना है कि शायद दबाव के दौरान प्रसव हुआ हो, सभी पहलू पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो पाएंगे। पुलिस अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। देहात थाना प्रभारी प्रवीण जाट ने बताया कि शासकीय अस्पताल के शौचालय में भ्रूण की सूचना मिली थी। मौका-मुआयना किया है। शिशु का पोस्टमार्टम कराकर दफना दिया है, रिपोर्ट और रिकॉर्ड खंगाल रहे हैं, उसके आधार आगे की कार्रवाई करेंगे।