
राजगढ़ से राजेश विश्कर्मा की रिपोर्ट
Rajgarh Fake SBI Bank Manager Scam: लोन दिलाने के नाम पर साइबर ठगी के मामले तो अक्सर सामने आते रहे हैं, लेकिन मध्यप्रदेश के राजगढ़ में ठगी का जो मामला सामने आया है वो थोड़ा अलग है। इस बार पहले ठग ने लोन दिलाने का झांसा दिया, फिर खुद को एसबीआई का ब्रांच मैनेजर बताकर वीडियो भेजा और भरोसा दिलाने की कोशिश की। इसके बाद जीएसटी रिटर्न के नाम पर करीब 2 लाख 17 हजार रुपए बकाया होने की बात कहकर युवक से रुपए ऐंठता रहा। अब तक युवक से 27 हजार रुपए लिए जा चुके हैं।
राजगढ़ के संकट मोचन निवासी मोहनसिंह भिलाला के साथ यह ठगी हुई। वह ठेकेदार के साथ मजदूरी का काम करता है और मेडिकल कॉलेज में भी काम करता है। मोहनसिंह के अनुसार वह पहले ऑनलाइन लोन ले चुका है। 15 सितंबर से उसके मोबाइल पर ठगी का सिलसिला शुरू हुआ। सोशल मीडिया पर दिख रहे विज्ञापन पर क्लिक करने के बाद उसने लोन की जानकारी ली और आवेदन कर दिया। इसके बाद उसे धनी ऐप की वेबसाइट और कर्मचारी के नाम से झांसे में लिया गया। पहले फाइल चार्ज के नाम पर रुपए लिए गए। इसके बाद अलग-अलग कारण बताकर और रुपए मांगे गए। फिर जीएसटी रिटर्न फाइल करने के नाम पर कहा गया कि उसके ऊपर करीब 2 लाख 17 हजार रुपए का रिटर्न बकाया है। रुपए नहीं डालने पर परेशानी और केस होने की बात कहकर लगातार दबाव बनाया गया।
ठगों ने युवक को लोन सेंक्शन का लेटर पैड भी भेजा। इसके बाद रुपए लिए गए। युवक के अनुसार उसे बार-बार फोन कर रुपए जमा कराने और रिफंड करने का भरोसा दिया जाता रहा। उससे यह भी कहा गया कि यदि लोन नहीं लिया तो अगले महीने से किश्तें आएंगी और उस पर केस हो जाएगा। इसके बाद युवक से बारी-बारी से करीब 27 हजार रुपए की राशि ऐंठी गई।
युवक को ठगने के लिए ठग ने खुद को एसबीआई का ब्रांच मैनेजर बताया। इसके लिए एडिटेड वीडियो बनाया गया, जिसमें उसके पीछे एसबीआई का बैकग्राउंड दिखाई दे रहा था। वीडियो में उसने कहा- 'नमस्कार, मैं बैंक मैनेजर विजय राठौर अपनी ओर से स्टेटमेंट दे रहा हूं। पे करने के बाद पांच मिनट इंतजार करना है। पांच मिनट में पैसे रिटर्न आ जाएंगे। आपको अगर पैसे नहीं मिलें तो आप मेरे खिलाफ केस दर्ज कर सकते हैं। मैं अपना स्टेटमेंट दे रहा हूं, गारंटी के साथ। मुझे जेल हो सकती है, मेरी नौकरी जा सकती है।' इसके अलावा एक अन्य युवक ने धनी ऐप का कर्मचारी बताकर अपना फोटो भी भेजा। मोहन सिंह के अनुसार लगातार फोन आने और अलग-अलग तरह से रुपए मांगने के बाद उसे ठगी का पता चला। अब तक 27 हजार रुपए की ठगी हो चुकी है।