मुख्य बातें पुलिस फोर्स के साथ जौहर विश्वविद्यालय पहुंचे प्रशासनिक अधिकारी जमीन कब्जाने के आरोपों को लेकर पिछले कुछ दिनों से विवादों में चल रहा विश्वविद्यालय आले हसन के लिए भी जारी किया गया लुक आउट नोटिस जारी
रामपुर।प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से जमीन कब्जे को लेकर विवादों में चल रहे सांसद आजम खान की जौहर वश्वविद्यालय पर मंगलवार को प्रशासन ने छापेमारी की। भारी फोर्स के साथ पहुंचे अधिकारियों को देख विश्वविद्यालय में हड़कंप मच गया। वहीं प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने यूनिवर्सिटी कैंपस के अंदर जाकर तलाशी लेनी शुरू कर दी हैं। इसके साथ ही काफी संख्या में पुलिस फोर्स बाहर भी खड़ी रही। वहीं बताया जा रहा है कि यह छापेमारी जमीन कब्जे को लेकर ही हो रही है।
विश्वविद्यालय में जमीन कब्जाने को लेकर दर्ज हो चुके हैं कई मुकदमे
वहीं बता दें कि जौहर यूनिवर्सिटी में जमीन कब्जाने के आरोपों को लेकर कई किसान अपनी शिकायत पुलिस को दे चुके हैं। जिसके चलते आजम खान समेत विश्वविद्यालय से जुड़े कई अधिकारियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किये गये है। इसी के बाद 25 जुलाई को रामपुर के उपजिलाधिकारी ने यूनिवर्सिटी के अंदर से गुजर रहे सार्वजनिक मार्ग को कब्जा मुक्त करने का आदेश दिया था। इसके साथ ही प्रशासन ने आजम खान को क्षतिपूर्ति के रूप में 3 करोड़ 27 लाख 60 हजार देने का आदेश दिया था।
पूर्व पुलिस अधिकारी के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी
वहीं विश्वविद्यालय में जमीन कब्जाने में मदद करने से लेकर लोगों को धमकाने के आरोप में पूर्व पुलिस अधिकारी आले हसन पर भी मुकदमा दर्ज किया गये है। अब आले हसन के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी किया है। आले हसन आजम खान के करीबी सहयोगी हैं। वह इस विश्वविद्यालय में चीफ सिक्योरिटी ऑफिसर भी रह चुके हैं। रामपुर के पुलिस अधीक्षक अजय पाल शर्मा ने कहा कि जमीन पर कब्जा करने और जबरन बसूली के 27 मामलों में आरोपी हसन के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी कर दिया गया है।