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MP-MLA Court Relief: दोहरे पासपोर्ट मामले में अब्दुल्ला आजम को राहत, कोर्ट ने 7 साल की सजा रद्द की

रामपुर MP-MLA कोर्ट ने दोहरे पासपोर्ट मामले में अब्दुल्ला आजम खान को बड़ी राहत देते हुए 7 साल की सजा रद्द कर बरी कर दिया। फैसले के बाद समर्थकों में खुशी का माहौल है।

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अब्दुल्ला आजम खान को बड़ी राहत, दोहरे पासपोर्ट मामले में कोर्ट ने किया बरी (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)

अब्दुल्ला आजम खान को बड़ी राहत (File Photo- Patrika)

MP-MLA Court Relief Abdullah Azam Khan: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम खान को शुक्रवार को बड़ी कानूनी राहत मिली है। रामपुर की MP-MLA कोर्ट ने दोहरे पासपोर्ट मामले में उन्हें बरी कर दिया है। अदालत ने मजिस्ट्रेट कोर्ट द्वारा सुनाई गई 7 साल की सजा के खिलाफ दाखिल अपील को स्वीकार करते हुए यह फैसला सुनाया।

इस फैसले के बाद समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में खुशी का माहौल देखा गया। अब्दुल्ला आजम खान फिलहाल अपने पिता आजम खान के साथ जेल में बंद हैं। कोर्ट के इस फैसले को आजम परिवार के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है।

क्या था दोहरे पासपोर्ट का मामला

अब्दुल्ला आजम खान पर आरोप था कि उन्होंने दो अलग-अलग जन्म तिथियों के आधार पर दो पासपोर्ट बनवाए थे। इसी मामले को लेकर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच के बाद यह मामला अदालत पहुंचा और सुनवाई के दौरान मजिस्ट्रेट कोर्ट ने उन्हें दोषी मानते हुए 7 साल की सजा सुनाई थी। यह मामला लंबे समय से राजनीतिक और कानूनी गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ था। विपक्षी दल लगातार इसे मुद्दा बनाते रहे, जबकि समाजवादी पार्टी इसे राजनीतिक द्वेष की कार्रवाई बताती रही।

मजिस्ट्रेट कोर्ट ने सुनाई थी सजा

नवंबर 2025 में रामपुर की मजिस्ट्रेट कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुनाते हुए अब्दुल्ला आजम खान को दोषी करार दिया था। अदालत ने उन्हें 7 साल की सजा सुनाई थी। इसी मामले में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान का नाम भी चर्चा में आया था। कोर्ट के फैसले के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई थी। सजा सुनाए जाने के बाद अब्दुल्ला आजम की ओर से फैसले को चुनौती देते हुए उच्च अदालत में अपील दाखिल की गई थी।

MP-MLA कोर्ट से मिली राहत

शुक्रवार को रामपुर MP-MLA कोर्ट ने इस मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए अब्दुल्ला आजम खान की अपील स्वीकार कर ली। अदालत ने मजिस्ट्रेट कोर्ट द्वारा सुनाई गई सजा को रद्द करते हुए उन्हें बरी कर दिया। अधिवक्ता नासिर सुल्तान ने बताया कि अदालत ने मामले में प्रस्तुत तथ्यों और कानूनी पक्षों पर सुनवाई के बाद यह फैसला सुनाया। कोर्ट के आदेश के बाद अब्दुल्ला आजम को इस मामले में राहत मिल गई है। हालांकि अन्य मामलों को लेकर उनकी कानूनी स्थिति अभी भी बनी हुई है।

आजम परिवार के लिए राहत की खबर

यह फैसला आजम खान और उनके परिवार के लिए बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है। पिछले कुछ वर्षों में आजम खान और उनके परिवार पर कई मामलों में कार्रवाई हुई है। अब्दुल्ला आजम खान भी कई मामलों में जांच और कानूनी प्रक्रिया का सामना कर रहे हैं। ऐसे में दोहरे पासपोर्ट मामले में बरी होना उनके लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। समाजवादी पार्टी के नेताओं ने कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है। पार्टी कार्यकर्ताओं का कहना है कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा था।

जेल में बंद हैं आजम और अब्दुल्ला

फिलहाल अब्दुल्ला आजम खान अपने पिता आजम खान के साथ जेल में बंद हैं। दोनों पर अलग-अलग मामलों में कानूनी कार्रवाई चल रही है। हालांकि इस फैसले के बाद उनके समर्थकों में उत्साह बढ़ गया है। अदालत परिसर के बाहर भी फैसले के बाद समर्थकों की हलचल देखी गई। सूत्रों के मुताबिक अब्दुल्ला आजम के वकील अब आगे अन्य मामलों में भी कानूनी राहत के लिए प्रयास करेंगे।

कानूनी लड़ाई अभी जारी

भले ही दोहरे पासपोर्ट मामले में अब्दुल्ला आजम खान को राहत मिल गई हो, लेकिन उनके खिलाफ अन्य कई मामले अभी भी अदालतों में लंबित हैं। विधि सूत्रों  का कहना है कि यह फैसला कानूनी रूप से महत्वपूर्ण जरूर है, लेकिन आने वाले समय में अन्य मामलों की सुनवाई भी राजनीतिक और कानूनी दृष्टि से अहम बनी रहेगी। फिलहाल रामपुर MP/MLA कोर्ट के इस फैसले ने समाजवादी पार्टी और आजम परिवार को बड़ी राहत दी है। वहीं राजनीतिक गलियारों में अब इस फैसले को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

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