मध्यप्रदेश के रतलाम में दोपहर 2 बजे बाद अचानक वेदर बदला व भारी बारिश शुरू हो गई। रतलाम के जावरा, नामली, धराड़, सैलाना सहित पूरे जिले में बारिश हुई है। इससे कृषि उपज मंडी में बिक्री के लिए आया हुआ करोड़ों रुपए मूल्य का गेहूं भीग गया। इससे पहले कोरोना वायरस व टिड्डी के बाद अब हुई बारिश ने किसानों को बड़ा नुकसान पहुंचाया है। रतलाम शहर में आसमान में काले बादल है व बिजली कई मोहल्लों से गुल हो गई है।
रतलाम. मध्यप्रदेश के रतलाम में दोपहर २ बजे बाद अचानक वेदर बदला व भारी बारिश शुरू हो गई। रतलाम के जावरा, नामली, धराड़, सैलाना सहित पूरे जिले में बारिश हुई है। इससे कृषि उपज मंडी में बिक्री के लिए आया हुआ करोड़ों रुपए मूल्य का गेहूं भीग गया। इससे पहले कोरोना वायरस व टिड्डी के बाद अब हुई बारिश ने किसानों को बड़ा नुकसान पहुंचाया है। रतलाम शहर में आसमान में काले बादल है व बिजली कई मोहल्लों से गुल हो गई है।
शहर में सुबह से लेकर दोपहर तक तेज धूप थी व गर्मी के चलते घर से बाहर निकलने वालों के चेहरे पर पसीना टपक रहा था। दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल आए व देखते ही देखते इन्होंने बरसना शुरू कर दिया। इसके बाद तेज बारिश का दौर जिले में शुरू हो गया। पहले धराड़ व इसके बाद नामली से लेकर जिले के जावरा तक तेज बारिश होने लगी। इससे मौसम में अचानक आए बदलाव से आमजन को तो गर्मी से राहत मिली, लेकिन किसान परेशान हो गए है।
करोड़ों का गेहूं भीग गया
अचानक हुई बारिश से जावरा, नामली की कृषि उपज मंडी में बिक्री के लिए आया हुआ गेहूं पूरी तरह से भीग गया। जावरा में तो बारिश से अफरा तफरी का माहोल हो गया। नामली में 2 से 3 करोड़ रुपए के गेहूं के भीगने की सूचना है। पहले टिड्डी दल का हमला व इसके बाद अब बारिश ने किसानों को मायूस कर दिया है। मंडी में बिकने के लिए आए हुए गेहूं के गिले होने से किसान परेशान हो गए है।
इधर बिजली हो गई गुल
रतलाम शहर में शाम 4 बजे बाद तेज हवाओं का दौर शुरू हो गया है। इससे कई मोहल्लों में बिजली गुल हो गई है। बिजली जाने से कई कार्य अचाकन रुक गए है। बिजली कब तक आएगी फिलहाल यह साफ नहीं है। इन सब के बीच रतलाम शहर में आसमान में काले बादल है व बारिश होने की संभावना व्यक्त की जा रही है।