नई दिल्ली से मुंबई तक हाईस्पीड ट्रेन चलाने के लिए एक वर्ष से चल रहे गति परीक्षण के मामले में बुधवार को आरडीएसओ ने कोटा से ट्रेन को 130 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलाकर मात्र 2 घंटे 47 मिनट में रतलाम लाकर रिकॉर्ड बना दिया।
रतलाम। नई दिल्ली से मुंबई तक हाईस्पीड ट्रेन चलाने के लिए एक वर्ष से चल रहे गति परीक्षण के मामले में बुधवार को आरडीएसओ ने कोटा से ट्रेन को 130 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलाकर मात्र 2 घंटे 47 मिनट में रतलाम लाकर रिकॉर्ड बना दिया। इसमे भी ट्रेन को दस मिनट के लिए आलोट में रोका गया था। ट्रेन कोटा से सुबह 10.47 बजे चली व रतलाम में दोपहर 1.40 बजे आई।
रेलवे तेज गति की ट्रेन को चलाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी के अंतर्गत अब तक एक दर्जन से अधिक बार गति परीक्षण हो चुके है। इसमे राजधानी स्तर की ट्रेन से लेकर टेल्गो ट्रेन का परीक्षण शामिल है। अब रेलवे ने सीमेंट की बोरियां भरकर आरडीएसओ से परीक्षण करवाया है। 24 डिब्बों वाली ट्रेन में आरडीएसओ लखनऊ के अधिकारी शामिल थे। एक अधिकारी ने नाम नहीं प्रकाशन के आग्रह के साथ कहा कि असल गति परीक्षण तो रतलाम के मेघनगर से गोधरा के बीच होना है। मेघनगर से लिमखेड़ा के बीच राजधानी ट्रेन को 90 किमी प्रतिघंटे व लिमखेड़ा से गोधरा के बीच 100 से 110 किमी प्रतिघ्ंाटे की रफ्तार से चलाया जाता है।
विशेष तरह के व्हील
अधिकारी के अनुसार आरडीएसओ की ट्रेन में एलएचबी स्तर के डिब्बे है। इसके चलते इसमे विशेष प्रकार के व्हील होने की वजह से कर्व में अधिक समस्या नहीं आएगी। इसलिए ट्रेन को 120 से 130 की गति से चलाकर परीक्षण इस सेक्शन में भी किया गया। बुधवार को हुए गति परीक्षण में रतलाम से मेघनगर 120 किमी प्रतिघंटा, मेघनगर से लिमखेड़ा तक 110 किमी प्रतिघंटा व लिमखेड़ा से गोधरा तक 120 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से ट्रेन को चलाया गया।