
Kendra Yog 2025 : इस साल दशहरे पर खास ग्रह योग बन रहे हैं। दशहरा 2 अक्टूबर को मनाया जाएगा। इस दिन देवगुरु बृहस्पति और बुध मिलकर बहुत शुभ योग बना रहे हैं। अभी बृहस्पति मिथुन राशि में हैं और बुध कन्या राशि में। जब ये दोनों ग्रह 90 डिग्री पर आकर एक-दूसरे को देखते हैं तो केंद्र दृष्टि योग बनता है। इसे ज्योतिष में बहुत अच्छा माना जाता है।
बुध को ग्रहों का राजकुमार और बृहस्पति को देवताओं का गुरु कहा जाता है। इन दोनों की युति यानी साथ आना कुछ खास राशियों के लिए बेहद शुभ रहेगा। इस योग से कई लोगों की किस्मत चमक सकती है और जीवन में नए अवसर मिल सकते हैं।
दशहरा 2025 के दौरान, बुध और बृहस्पति की दृष्टि से बनने वाला बुध-गुरु केंद्र दृष्टि योग कुछ राशियों के लिए असाधारण भाग्य और धन लेकर आएगा। यह शक्तिशाली ज्योतिषीय संयोग वित्तीय लाभ को दोगुना कर देता है।
बुध-गुरु केंद्र दृष्टि योग के कारण, मेष राशि के जातकों को करियर के नए अवसर प्राप्त होंगे। लंबे समय से रुके हुए कार्य पूरे होंगे और नेतृत्व कौशल में निखार आएगा। कोई अच्छी खबर मिलने की संभावना भी है। आप अपने विरोधियों को कड़ी टक्कर देंगे और अगर कोई कोर्ट-कचहरी का मामला चल रहा है तो उसमें भी आपके पक्ष में नतीजा आ सकता है।
मिथुन राशि के जातकों की वाणी और बुद्धि में सुधार होगा। आपकी नौकरी और व्यवसाय में उन्नति के योग हैं। यदि आप शिक्षा के क्षेत्र में हैं तो यह समय विशेष रूप से लाभकारी है।
कन्या राशि के जातकों के लिए यह योग आर्थिक और व्यावसायिक दृष्टि से शुभ है। आपके निर्णय दीर्घकालिक लाभ प्रदान करेंगे। व्यवसाय के मालिकों को लाभ हो सकता है।
धनु राशि के जातकों का ध्यान अध्यात्म और उच्च शिक्षा की ओर आकर्षित होगा। धार्मिक गतिविधियों में भागीदारी बढ़ेगी और विदेश यात्रा संभव हो सकती है। बिजनेस करने वालों को अच्छा मुनाफा मिल सकता है, नए ऑर्डर या प्रोजेक्ट भी हाथ लग सकते हैं। नौकरीपेशा लोगों के लिए भी यह समय फायदे का रहेगा, आमदनी बढ़ेगी और बचत करने का मौका मिलेगा।
मीन राशि वालों के लिए यह समय कला, संगीत और रचनात्मक गतिविधियों में प्रगति का है। पारिवारिक जीवन सुखी और शांतिपूर्ण रहेगा और आपकी सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी।