
Rewa Security Supervisor Murder Case: मध्यप्रदेश के रीवा में पुलिस ने सिक्योरिटी एजेंसी सुपरवाइजर की अंधेकत्ल का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों में एक उसी सिक्योरिटी एजेंसी के संचालक का भाई है जिसमें मृतक सुपरवाइजर था। प्रतिस्पर्धा और छोटे-छोटे विवादों को लेकर आरोपियों ने योजना बनाई और सुपरवाइजर की हत्या कर शव को यूपी में फेंक दिया था। पुलिस ने सिक्योरिटी ऐजेन्सी संचालक के भाई सहित दो को गिरफ्तार किया है जिनसे पूछताछ में पूरी साजिश का पर्दाफाश हो गया है।
निपनिया निवासी अनूप सेन 25 वर्ष 18 मई को घर से निकला था जिसके बाद वह लापता हो गया। परिजनों ने गुमशुदगी की शिकायत थाने में दर्ज कराई थी। 21 मई को अनूप का शव 160 किमी दूर यूपी के रैपुरा थाना क्षेत्र में स्थित महुली जंगल में क्षतविक्षत अवस्था में बरामद हुआ था। जिसकी पहचान दो दिन बाद होने पर रीवा पुलिस को सूचना दी गई थी। इस मामले में सिक्योरिटी एजेन्सी संचालक के भाई पर हत्या का संदेह जताया गया था जो उसे अपने साथ लेकर गया था। यूपी से डायरी मिलने के बाद सिटी कोतवाली पुलिस ने जांच शुरू की और वारदात का पर्दाफाश कर दिया।
पुलिस ने जिन दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है उनके नाम अश्वंत चतुर्वेदी व पंकज शुक्ला निवासी रैपुरा हैं। आरोपियों ने पूछताछ में वारदात को अंजाम देना कबूल किया है। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि सुपरवाइजर अनूप सेन के साथ काम के दौरान छोटी-छोटी बातों को लेकर आरोपी अश्वंत चतुर्वेदी का विवाद हो गया था। इस बात से नाराज अश्वंत ने अनूप की हत्या की साजिश रची। वो प्लानिंग के तहत अनूप को अपने साथ घुमाने के बहाने यूपी लेकर गया था जहां उसका दोस्त पंकज शुक्ला मिला। वहां उसे छककर शराब पिलाई और बाद में उसकी जंगल में ले जाकर हत्या करके शव को फेंक दिया था।
वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए थे। मुख्य आरोपी अश्वंत बिलासपुर में छिपा हुआ था जबकि दूसरा आरोपी यूपी में ही छिपा हुआ था। पुलिस ने साइबर की मदद से आरोपियों का लोकेशन ट्रेस किया और मुख्य आरोपी को बिलासपुर और दूसरे को यूपी से गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी निशा मिश्रा ने बताया कि यूपी से अपराध पंजीबद्ध कर डायरी थाने भेजी गई थी जिसमें फरार दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच के बाद आगे कार्रवाई की जाएगी।