
Flood News: शिवालिक की पहाड़ियों में हो रही लगातार बरसात ने सहारनपुर से लेकर शामली और मुजफ्फरनगर तक बाढ़ जैसे हालात पैदा कर दिए। सहारनपुर के घाड़ क्षेत्र में निर्माणाधीन स्पोर्ट्स कॉलेज के पास बने पुल के ऊपर से पानी बह रहा है। शाकम्भरी देवी सिद्धपीठ क्षेत्र में दुकानों तक पानी भर गया और घाड़ क्षेत्र में कई गांवों का मुख्यालय से संपर्क टूट गया। देवबंद में आवासीय कालोनियां जलमग्न हो गई। स्थानीय प्रशासन ने घाड़ क्षेत्र में रह रहे लोगों को आगाह किया है। लगातार हो रही बरसात से शाकम्भरी क्षेत्र में एक एसयूवी पानी में फंस गई लेकिन ग्रामीणों की मदद से सभी छह लोगों को बचा लिया गया। अच्छी बात यह है कि बुधवार को हालातों में सुधार हुआ और शाकम्भरी क्षेत्र में भी श्रद्धालुओं का आवागमन शुरू हो गया।
बेहट क्षेत्र में अचानक बरसाती नदी के उफान पर आने से यहां एसयूवी में सवार छह लोग पानी में फंस गए। गनीमत रही कि आस-पास के लोगों ने किसी तरह कार में फंसे सभी छह लोगों को बचा लिया। बाद में ट्रैक्टर की मदद से पानी में फसी एसयूवी ( स्कॉर्पियो ) कार को भी सकुशल बाहर निकाल लिया। इसके अलावा रविवार से सोमवार और मंगलवार तक शाकम्भरी क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात बने रहे। यहां लोगों को चेतावनी दी गई कि सुरक्षित स्थानों पर रहें और बिना किसी आवश्यक कार्य के बाहर ना निकलें।
सहारनपुर के पुराने शहर और नए शहर से लेकर देवबंद में लगातार बरसात से पानी-पानी हो गया। यहां लोगों के घरों में पानी भर गया और रास्तों से नालो का रूप ले लिया। इससे जनजीवन बुरी तरह से अस्त व्यस्त हो गया। प्रशासन की ओर से मशीनें लगाकर पानी निकलवाया गया लेकिन दो दिन तक लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ी। कई स्थानों पर जलभराव की वजह से करंट फैलने की भी आशंका बनी रही। इससे हालात और भयावह हो गए।
शिवालिक की पहाड़ियों में हुई लगातार बरसात की वजह से बरसाती नदियां उफान पर हैं। इससे कई घर बाढ़ जैसे हालातों की चपेट में आ गए हैं। सहारनपुर में ढमोला नदी के किनारे बने सैकड़ों घरों में रह रहे लोगों की सांसे थम गई। इसकी एक वजह यह है कि है कि करीब एक दशक पूर्व सहारनपुर के बीचों बीच से निकल रही ढमोला नदी के उफान पर आने से कई घर बह गए थे। ऐसे में लोगों के डर हो गया कि पहले जैसे हालात ना बन जाए।
सहारनपुर शहर के पास से गुजर रही यमुना नदीं में भी जलस्तर बढ़ गया है। इससे किसानों की हजारों बीघा फसल जलमग्न हो गई है। उधर शामली और में भी यमुना का जलस्तर बढ़ने से काफी प्रभाव पड़ा है। शामली में भी हजारों बीघा फसल जलमग्न हो गई है। सहारनपुर के घाड़ क्षेत्र में बना स्पोट्स कॉलेज भी जल मग्न हो गया है और यहां गांगरो नदीं के उफान पर आने के बाद पानी पुल के ऊपर से बह रहा है।
सहारनपुर प्रशासन ने लोगों से पैनिक ना होने की अपील की है। जिलाधिकारी की ओर से सभी ग्राम पंचायतों विशेषकर घाड़ इलाकों के गांवों में यह सूचना भिजवाई गई है कि आवश्यक कार्य होने पर ही लोग घरों से बाहर निकलें। बच्चों और बूढ़ों का विशेष ध्यान रखें। किसी भी आपातकालीन स्थिति में 112 पर कॉल करें।