
Saharanpur Mosque Claim Shiv Temple: सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में मस्जिद हटाए जाने के बाद मिले पुराने कुएं ने विवाद को नया मोड़ दे दिया है। कुएं को लेकर हिंदूवादी नेताओं ने कई दावे किए हैं। स्वामी यशवीर महाराज ने दावा किया कि यहां प्राचीन शिव मंदिर रहा होगा, जबकि साध्वी प्राची ने स्थल की खुदाई कराने की मांग की है। बजरंग दल के पूर्व प्रांत संयोजक विकास त्यागी ने भी ASI से कुएं की उम्र और ऐतिहासिक स्थिति की जांच कराने की मांग की है।
स्वामी यशवीर महाराज ने कुएं को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि आदिवासियों में तोड़ी गई मस्जिद के नीचे कुआं निकला है। इससे यह विनाश होता है कि प्राचीन काल में यहां शिव मंदिर था, जिसकी मस्जिद बनाई गई होगी उन्होंने मुगलकाल का जिक्र करते हुए कहा कि कोर्ट के आदेश पर हुई कार्रवाई से अगर मुस्लिम समाज को पीड़ा है, तो उन्हें उस दौर को भी याद करना चाहिए जब मुगल शासन के दौरान मंदिर तोड़े गए थे।
कलेक्ट्रेट परिसर से मस्जिद हटाए जाने के बाद मलबा साफ किया जा रहा था। इसी दौरान वहां एक पुराना कुआं दिखाई दिया। इसके बाद हिंदू संगठनों से जुड़े लोगों ने पूरे स्थान की जांच कराने की मांग शुरू कर दी। बजरंग दल के पूर्व प्रांत संयोजक विकास त्यागी ने प्रशासन से मामले की गहराई से जांच कराने की मांग की है। उन्होंने एएसआई की टीम बुलाकर कुएं की उम्र और ऐतिहासिक स्थिति की जांच कराने की बात कही है।
साध्वी प्राची ने भी मस्जिद ध्वस्तीकरण स्थल की खुदाई कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि खुदाई में शिव मिले तो हमारे और शव मिले तो तुम्हारे उन्होंने प्रशासन की कार्रवाई को न्यायालय के आदेश के तहत बताया और कहा कि इस मामले को लेकर राजनीति नहीं होनी चाहिए। उनका कहना है कि कोर्ट के आदेश पर हुई कार्रवाई पर सवाल उठाना अदालत का सम्मान नहीं करने जैसा है।
मस्जिद हटाए जाने के बाद सहारनपुर में राजनीतिक बयानबाजी भी बढ़ गई है। सपा समेत दूसरे विपक्षी दलों का प्रतिनिधिमंडल सहारनपुर जाने वाला है। इससे पहले कई नेताओं को पुलिस ने नजरबंद किया है। प्रशासन का कहना है कि कलेक्ट्रेट परिसर में मौजूद मस्जिद को न्यायालय के आदेश का पालन करते हुए हटाया गया। दूसरी ओर, इस कार्रवाई को लेकर विपक्षी दल और मस्जिद पक्ष सवाल उठा रहे हैं।