
Saharanpur Murder: पत्नी को पुलिस भर्ती परीक्षा दिलाने आए युवक की परीक्षा केंद्र से कुछ ही दूरी पर गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस वारदात को किसी गैंग या बदमाशों ने नहीं बल्कि युवती के भाई ने ही अंजाम दिया। युवती ने चार महीने पहले लव मैरिज कर ली थी। युवती का भाई इस शादी से नाराज था। मंगलवार को युवक अपनी पत्नी को पुलिस भर्ती परीक्षा दिलाने के लिए पहुंचा था। वहां पहुंचे भाई ने बहन को अपने साथ चलने के लिए कहा तो बहन ने इंकार कर दिया। इसी को लेकर हुई कहासुनी के बाद युवती के भाई ने बहन के सामने ही उसके पति यानि अपने जीजा की गोली मारकर हत्या कर दी।
मंगलवार को सहारनपुर के रामपुर मनिहारन स्थित गौचर महाविद्यालय ( पुलिस भर्ती परीक्षा केंद्र ) के बाहर एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हत्या की सूचना पर पहुंची पुलिस आनन-फानन में खून से लथपथ युवक को अस्पताल लेकर पहुंची, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने युवक के बारे में पता किया तो जानकारी मिली कि मृतक पड़ोसी जिले शामली के गांव खाड़ी बैरागी का रहने वाला 27 वर्षीय शिव कुमार था। शिवकुमार की पत्नी आकांक्षा ने पुलिस के बताया कि उसने चार महीने पहले शिवकुमार से प्रेम विवाह किया था। भाई इस शादी से नाराज था। आज परीक्षा के बाद जब वह अपने घर जाने लगे तो वहां भाई पहुंच गया। मंजीत ने बहन आकांक्षा से अपने साथ घर चलने के लिए कहा तो आकांक्षा ने मना कर दिया। इसी बीच मंजीत और उसके जीजा के बीच कहासुनी हो गई। आरोप है कि मंजीत ने तमंचा निकाला और बहन के सामने ही जीजा की कनपटी पर तमंचा रखकर गोली मार दी।
प्राथमिक पड़ताल में यही तथ्य सामने आ रहा है कि मंजीत अपनी बहन के इस प्रेम विवाह से खुश नहीं था। शिव कुमार ने एलएलबी की पढ़ाई की थी और एसएसएफ में उसका सलेक्शन हो गया था। हालांकि अभी तक शिवकुमार ने ज्वाइनिंग नहीं की थी। अब आकांक्षा ने भी पुलिस भर्ती परीक्षा का आवेदन किया था। इसका परीक्षा सेंटर रामपुर मनिहारान के गौचर महाविद्यालय में लगा था। मंगलवार को शिव कुमार शामली से सहारनपुर अपनी पत्नी आकांक्षा को परीक्षा दिलाने के लिए पहुंचा था। आकांक्षा परीक्षा देने के लिए अंदर चली गई और शिवकुमार परीक्षा केंद्र के बाहर ही पत्नी का इंतजार कर रहा था। परीक्षा खत्म होने के बाद दोनों कार में बैठे और वापस शामली के लिए चलने ही वाले थे कि वहां मंजीत पहुंच गया।
आकांक्षा ने पुलिसकर्मियों को बताया कि, भाई मंजीत उसे अपने साथ घर ले जाना चाह रहा था। आकांक्षा ने इसके लिए मना कर दिया। इसके बाद भी मंजीत आकांक्षा को घर ले जाने की जिद पर अड़ा रहा तो शिवकुमार ने इस का विरोध किया। यहीं से दोनों के बीच कहासुनी हो गई। आरोप है कि इससे गुस्साए मंजीत ने तमंचा निकाला और शिवकुमार की कनपटी पर सटाकर उसे गोली मार दी। अभी तक की जांच पड़ताल से यह प्रतीत हो रहा है कि मंजीत पूरे इरादे से आया था। वह अपने साथ तमंचा लेकर पहुंचा था और उसे पता था। ऐसे में फिलहाल इस पूरी वारदात को सुनियोजित ढंग से अंजाम दिया जाना समझा जा रहा है। अभी तक आरोपी पकड़ा नहीं गया है। एसएसपी अभिनंदन का कहना है कि जल्द आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।