Sambhal News: संभल में होमगार्ड राज्यमंत्री धर्मवीर प्रजापति ने केंद्रीय बजट 2026-27 पर चर्चा करते हुए इसे ‘विकसित भारत’ की दिशा में अहम कदम बताया।
Dharmveer Prajapati In Sambhal: संभल के बहजोई स्थित जिला कलेक्टर सभागार में जिला प्रभारी एवं उत्तर प्रदेश सरकार के होमगार्ड और नागरिक सुरक्षा राज्यमंत्री धर्मवीर प्रजापति का भव्य स्वागत किया गया।
इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष चौधरी हरेंद्र सिंह रिंकू, पूर्व मंत्री अजीत कुमार राजू और पूर्व जिलाध्यक्ष ओमवीर खड़गवंशी सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय बजट 2026-27 को लेकर विस्तृत चर्चा की गई और बजट के विभिन्न प्रावधानों पर नेताओं ने अपने विचार रखे।
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए केंद्रीय बजट 2026-27 में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में एम्स स्थापित किए जाने की घोषणा के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। शिक्षा राज्यमंत्री गुलाब देवी द्वारा चंदौसी में एम्स बनाए जाने की मांग को लेकर पूछे गए सवाल पर प्रभारी मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने संतुलित प्रतिक्रिया दी।
उन्होंने कहा कि हर विधायक और सांसद अपने क्षेत्र के विकास की कामना करता है, लेकिन सरकार सभी आवश्यक सुविधाओं, संसाधनों और व्यवहारिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए ही अंतिम निर्णय लेती है। हालांकि, उन्होंने इस मांग पर कोई ठोस आश्वासन नहीं दिया।
राज्यमंत्री धर्मवीर प्रजापति ने केंद्रीय बजट की सराहना करते हुए कहा कि यह बजट देश को ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य की ओर तेजी से ले जाने वाला है। उन्होंने कहा कि बजट में आर्थिक विकास को गति देने, नागरिकों की आकांक्षाओं को पूरा करने और ‘सबका साथ–सबका विकास’ के सिद्धांत के तहत समावेशी विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है।
वित्त वर्ष 2026-27 के लिए कुल बजट आकार ₹53.5 लाख करोड़ निर्धारित किया गया है, जो देश की आर्थिक क्षमता और विकास की दिशा को दर्शाता है।
केंद्रीय बजट में आयकर को लेकर मध्यम वर्ग को बड़ी राहत दी गई है। नई कर व्यवस्था के तहत धारा 87A के अंतर्गत ₹12 लाख तक की आय को पूरी तरह कर मुक्त किया गया है। वहीं वेतनभोगी कर्मचारियों को ₹75,000 की मानक कटौती का लाभ मिलेगा, जिससे ₹12.75 लाख तक की सालाना सैलरी पर प्रभावी रूप से कोई आयकर नहीं देना होगा। इसे मध्यम वर्ग की क्रय शक्ति बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
बजट में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर, आंतरिक जलमार्गों के विस्तार और प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अतिरिक्त घरों के निर्माण का प्रावधान किया गया है।
इसके साथ ही शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में भी बड़े फैसले लिए गए हैं। बालिकाओं के लिए नए गर्ल्स हॉस्टल, कैंसर और दुर्लभ बीमारियों की 17 दवाओं पर कस्टम ड्यूटी समाप्त करने और नए आयुर्वेद संस्थानों की स्थापना का ऐलान किया गया है, जिससे आम लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।