
उत्तर प्रदेश के संभल जिले में गुरुवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। धनारी थाने में अपने भाई की रिहाई की मांग कर रहे एक युवक ने कथित तौर पर खुद पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा ली। घटना के बाद थाने में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तुरंत कंबल डालकर आग बुझाई और गंभीर रूप से झुलसे युवक को अस्पताल पहुंचाया। घटना का वीडियो भी सामने आया है।
जानकारी के अनुसार, धनारी थाना क्षेत्र के बगडेर गांव में बुधवार देर रात बच्चों के मुंडन संस्कार कार्यक्रम के दौरान दो पक्षों के बीच विवाद हो गया था। सूचना मिलने पर डायल-112 पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से जुड़े लखपत सिंह और भरत सिंह को हिरासत में लेकर थाने ले आई।
गुरुवार को दिनभर दोनों पक्ष आपसी समझौते की कोशिश करते रहे, लेकिन पुलिस ने मामले में कानूनी कार्रवाई जारी रखी और दोनों पक्षों के खिलाफ शांतिभंग की कार्रवाई शुरू कर दी।
हिरासत में लिए गए व्यक्तियों में से एक के भाई मोरध्वज लगातार पुलिस से अपने भाई को छोड़ने की मांग कर रहा था। उसका कहना था कि उसका भाई निर्दोष है और उसे बिना वजह थाने लाया गया है। हालांकि पुलिस ने कार्रवाई पूरी होने तक उसे छोड़ने से इनकार कर दिया।
बताया जा रहा है कि इसी बात से नाराज होकर मोरध्वज थाने के एक हिस्से में गया और अपने ऊपर पेट्रोल डाल लिया। इससे पहले कि कोई उसे रोक पाता, उसने खुद को आग के हवाले कर दिया।
युवक को आग लगाते देख थाने में मौजूद पुलिसकर्मी और अन्य लोग उसकी ओर दौड़े। पुलिसकर्मियों ने तत्काल कंबल डालकर आग बुझाई, जिससे उसकी जान बच गई। इसके बाद उसे आनन-फानन में बहजोई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए हायर सेंटर रेफर कर दिया गया।
घटना की सूचना मिलते ही संभल के पुलिस अधीक्षक (एसपी) कृष्ण कुमार बिश्नोई और क्षेत्राधिकारी (सीओ) स्तुति सिंह अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने युवक की हालत का जायजा लिया और उससे घटना के बारे में जानकारी ली।
एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि बुधवार रात करीब डेढ़ बजे गांव में दो पक्षों के बीच विवाद की सूचना मिली थी, जिसके बाद मौके पर मौजूद लोगों को थाने लाया गया था। उन्होंने कहा कि गुरुवार शाम करीब पांच बजे थाने के संतरी को सूचना मिली कि एक व्यक्ति खुद पर तेल डालकर आग लगाने की कोशिश कर रहा है।
एसपी के अनुसार, पुलिसकर्मियों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक वह खुद को आग लगा चुका था। युवक करीब 25 से 30 प्रतिशत तक झुलसा है और उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। बेहतर इलाज के लिए उसे रेफर किया गया है।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में युवक ने बताया कि वह नहीं चाहता था कि उसके भाई के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो, इसलिए उसने यह कदम उठाया।