कलेक्टर को लिखा आवेदन: सीमांकन तो किया नहीं बल्कि स्थगन आदेश दे दिया
सतना/ बिरसिंहपुर तहसील के 10 आवेदकों द्वारा कलेक्टर को लिखा एक पत्र राजस्व महकमे में हास परिहास का विषय बन गया है। कलेक्टर को बताया गया कि सीमांकन न होने से परेशान होकर इन लोगों ने जब तहसीलदार बिरसिंहपुर को फोन लगाया तो उन्होंने आवेदकों को 'बेवकूफ' कहा। इसलिए कलेक्टर से उन्होंने तहसीलदार को 'बेवकूफ' कहने की अनुमति मांगी है। कलेक्टर को लिखा गया यह पत्र सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गया है।
ये है मामला
बिरसिंहपुर तहसील के ग्राम हिनौता निवासी आवेदक आरएस पाण्डेय, रामावतार, सुखिया देवी, सुग्रीव प्रसाद, रामरूप पाण्डेय, रामवतार, बाबूलाल, राजललन, राकेश, अनिल और कामता प्रसाद ने कलेक्टर के नाम पत्र लिख तहसीलदार बिरसिंहपुर मनीष पाण्डेय की शिकायत की है। बताया गया कि 13 सीमांकन के आवेदन 3 दिसंबर 17 और 18 दिसंबर 18 को तहसीलदार को दिए गए थे। लेकिन आज तक सीमांकन नहीं किया गया। सीमांकन तो किया नहीं बल्कि स्थगन आदेश दे दिया।
सीमांकन मैं नहीं जानता, तुम 'बेवकूफ' हो
इसके बाद बिना पक्ष सुने एक पक्षीय स्थगन का आदेश खारिज कर दिया गया। 14 अक्टूबर को जब मामले में तहसीलदार मनीष पाण्डेय से मोबाइल फोन पर बात की गई तो उन्होंने कहा कि 'वे कोटर में है, आवेदन पहले खारिज कर चुका हूं। सीमांकन मैं नहीं जानता। तुम 'बेवकूफ' हो। इससे नाराज आवेदकों ने सीमांकन भूल कलेक्टर को पत्र लिख कर तहसीलदार मनीष पाण्डेय को 'बेवकूफ' कहने की अनुमति मांगी है।