सनस्क्रीम और सफेद गमझा बना सहारा
शहडोल।सूर्य की किरणें झुलसा रहीं हैं। अधिकतम पारा ४० के पार है। सुबह से ही सूर्य भगवान के तेवर तीखी हो जाते हैं। ऐसे में लोग कूलर पंखों के सामने बैठकर भी पसीना पोंछते नजर आ रहे हैं। यह मौसम विभिन्न बीमारियों को जन्म तो दे ही रहा है, इसके अलावा धूप त्वचा के लिए भी घातक है। हानिकारण किरणें त्वचा जलाने का कार्य कर रहीं हैं। चिलचिलाती धूप से बचने के लिए लोग सफेद गमझा और सनस्क्रीम का सहारा ले रहे हैं। बाजार १०० रुपए से लेकर ८०० रुपए तक की सनस्क्रीम की बिक्री जमकर हो रही है। वहीं दूसरी तरफ सफेद गमझा और तोलियों की बिक्री में भी तेजी आ गई है। सड़कों पर गमझों की दुकानें भी सजाई गई हैं। ६० रुपए से लेकर १२० रुपए में सफेद गमझे बेचे जा रहे हैं।
सफेद कपड़ा सिर पर ढंकने के अनेक फायदे हैं। ऐसे मौसम में सूर्य से निकलने वाली हानिकारण किरणे त्वचा पर नहीं पढ़तीं, क्योंकि सफेद रंग सूर्य की किरणों का परावर्तित कर देता है। त्वजा संबंधी रोगों से कुछ हद तक निजाद दिलाता है।
सनस्क्रीम भी त्वचा के लिए लाभकारी है। डॉक्टर बताते हैं कि डॉक्टर की सलाह से स्किन के हिसाब से सनस्क्रीम लगाने से त्वचा रोगों से दूर रहा जा सकता है। गर्मी में धूप में निकलने से पहले सनस्क्र ीम लगाने पर हानिकारण किरणों से बचाव होता है। ब्लॉचनेस कम होती है। त्वचा की नमी बरकरार रहती है। यहां तक की कुछ मामलों में त्वचा कैंसर से भी बचा जा सकता है। तीखी धूप में त्वचा को दुरुस्थ रखने के लिए सनस्क्रीम, सफे द कपड़ा, पाऊडर का उपयोग किया जा सकता है। पसीना आने पर पाऊडर का उपयोग करें ताकि खुचली और स्किन इंफ्रेक्शन से बचा जा सके। समय पर नहाना नितांत आवश्यक है।
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घायल युवक की मौत
शहडोल। थाना जैतपुर अंतर्गत सड़क हादसे का शिकार हुए युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। चितरौड़ी डोगरी तालाब के पास रामपाल गोड़ उम्र 18 वर्ष 19 अप्रैल का सड़क हादसे का शिकार हो गया था। गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच में लिया है।