
शहडोल- मौजूदा समय में शादी का सीजन चल रहा है, ऐसे समय में लोगों को जहां एक ओर संभागीय मुख्यालय से बाहर जाना पड़ता है। वहीं दूसरी ओर बाहर के लोग भी संभागीय मुख्यालय पहुंच रहे हैं। ऐसी दशा में ऑटो का निर्धारित स्थानों पर न मिलना चिंता का विषय बनता जा रहा है। संभागीय मुख्यालय में जहां एक ओर दिनों दिन ऑटो की संख्या में वृद्धि हो रही है। वहीं दूसरी ओर लोगों को अब ऑटो स्टैण्ड की कमी खलने लगी है।
ऐसा नहीं है कि संभागीय मुख्यालय में आटो स्टैण्ड नहीं है, मगर वहां एक भी ऑटो खड़े नही होते हैं। करीब एक लाख से ऊपर की आबादी वाले इस संभागीय मुख्यालय में लोगों को ऑटो तलाशने काफी
मशक्कत करनी पड़ती है। जिसकी मुख्य वजह निर्धारित स्थलों पर ऑटो का नहीं मिलना बताया जाता है। जबकि यातायात सुरक्षा समिति की बैठक में ऑटो स्टैण्ड के मुद्दे पर कई बार चर्चा कर फैसला लिया जा चुका है। जिसके तहत नगर के पांच स्थानों पर ऑटो स्टैण्ड के लिए स्थान भी चिन्हित किया जा चुका है, लेकिन वहां ऑटो खड़ा करने के लिए कोई प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। नतीजतन लोगों को आवागमन में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
पांच स्थान थे चयनित
पिछले सन् 2009 में यातायात सुरक्षा समिति की बैठक में संभागीय मुख्यालय के पांच स्थानों को ऑटो स्टैण्ड के लिए चिन्हित किया गया था। जिसमें नगर के नए बस स्टैण्ड, जय स्तंभ चौक, महारानी लक्ष्मीबाई स्कूल के पास, रेलवे स्टेशन के पास एवं इंद्रा चौक के पास का स्थान चयनित किया गया था। जहां ऑटो खड़ा करने का प्रावधान किया गया था, मगर यह निर्णय धरा का धरा ही रह गया। वर्तमान में रेलवे स्टेशन और बस स्टैण्ड के सामने के अलावा अन्य कहीं ऑटो खड़े नजर नहीं आते। रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैण्ड के सामने दो-दो स्थान चयनित किए गए थे।
टैक्सियों की जगह ऑटो
पहले धनपुरी, बुढ़ार, गोहपारू, जयसिंहनगर सहित संभागीय मुख्यालय के आसपास के गांवों में जाने के लिए टैक्सियां चलती थीं। वर्तमान में उनका स्थान ऑटो ने ले लिया है। मुख्यालय के रीवा रोड बाई पास मार्ग, गंज रोड, इंद्रा चौक सहित विभिन्न गांवों की ओर जाने वाले मुख्य मार्गों पर ऑटो खड़े रहते हंै। वर्तमान में पहले की तुलना में नगर मेें यात्रियों की संख्या में भी इजाफा हुआ है।
नतीजतन ऑटो को एक निर्धारित स्थान पर मिलना जरूरी हो गया है। इसके लिए संभागीय मुख्यालय में ऑटो स्टैण्ड का निर्धारण कर वहां ऑटो को खड़ा रहना आवश्यक है। इस संबंध में यातायात विभाग के अधिकारियों का यही कहना रहता है कि ऑटो चालकों को समझाइश दी गई है, बाद में कार्रवाई की जाएगी।
Published on:
21 Apr 2018 06:08 pm
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