
Shivpuri Shilpi Lodhi Suspicious Death: मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के पिछोर थाना क्षेत्र में एक किराए के कमरे में रहकर पढ़ाई करने वाली 12वीं की छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। छात्रा का शव उसके किराए के कमरे में फांसी के फंदे पर लटका मिला है। छात्रा की मां ने 4 युवकों पर बेटी को परेशान करने और हत्या करने के आरोप लगाए हैं। घटना के बाद गुस्साए परिजनों ने विरोध प्रदर्शन भी किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच में ले लिया है।
पनिहारी गांव की रहने वाली शिल्पी लोधी (17 वर्ष) पिछोर में किराए का कमरा लेकर 12वीं की पढ़ाई कर रही थी। बुधवार रात शिल्पी ने संदिग्ध हालत में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। गुरूवार सुबह मृतिका के परिजनों ने थाने का घेराव किया। मृतका की मां अंगूरी बाई लोधी ने आरोप लगाया है कि घटना से कुछ घंटे पहले शिल्पी ने फोन कर बताया था कि रामवीर लोधी निवासी पनिहारी, सत्यम लोधी निवासी ममरौनी, राहुल लोधी निवासी लभेड़ा और सतीश लोधी निवासी दबियाजगन बीते रोज लाइब्रेरी आए थे और चारों ने उसे धमकाते हुए उसका मोबाइल छीन लिया और सिम तोड़ दी थी। यह चारों उसे कई दिनों से मानसिक रूप से परेशान कर रहे थे।
घटना के बाद शाम को एक परिचित ने शिल्पी को दो लोगों के साथ मोटरसाइकिल पर जाते हुए देखने की जानकारी दी थी। मां का आरोप है कि चारों युवकों की प्रताड़ना से परेशान होकर उनकी बेटी ने फांसी लगाकर जान दे दी। साथ ही परिजनो ने यह भी आशंका भी जताई है कि इन चारों ने ही उनकी बेटी की हत्या कर शव को फांसी पर लटका दिया। इसके बाद पुलिस ने मां की शिकायत पर पिछोर थाना पुलिस ने चारों युवकों के खिलाफ दुष्प्रेरणा का मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
बताया जा रहा है कि शिल्पी को जब इन चारों युवकों ने लाइब्रेरी में परेशान किया था। उसके बाद गुस्से में शिल्पी पिछोर थाने पर शिकायत के लिए पहुंची थी, लेकिन पुलिस ने यह बोलते हुए शिल्पी को थाने से भगा दिया कि वह शिकायती आवेदन लेकर आए। इसके बाद शिल्पी वापस थाने नहीं आई और इसके बाद उसका शव कमरे में फांसी के फंदे पर लटका मिला। अगर पुलिस समय रहते कार्रवाई कर देती तो शायद यह खुदकुशी की घटना नहीं होती। एसडीओपी पिछोर प्रशांत शर्मा ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर 4 लोगों पर दुष्प्रेरण का मामला दर्ज कर लिया है। मामले में शिल्पी थाने पर शिकायत करने आई थी, लेकिन फिर उसकी मां का उसके पास फोन आया था। उसके बाद वह थाने से चली गई। अगर वह शिकायत करती तो हम कार्रवाई करते।