-खाद की कालाबाजी का खेल-सरकार के प्रयास का पलीता लगा रहे अफसर-दिन में टोकन वितरण, रात में कालाबाजारी-पत्रिका के स्टिंग में चौंकाने वाला खुलासा
संजीव जाट की रिपोर्ट
शिवपुरी. एक तरफ सरकार और जिला प्रशासन किसानों को खाद पहुंचाने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार है कि, वो अपनी कारगुजारियों से बाज नहीं आ रहे हैं। हालात ये है कि, दिनभर लाइन में लगकर किसान टोकन लेता है और रात में उसका नंबर आने का इंतजार करता है। हालात ये है कि, टोकन मिलने के तीन चार दिन बाद भी खाद नहीं मिल पा रहा। उक्त समस्या को लेकर पत्रिका प्रतिनिधि के द्धारा रात्रि में नगर परिषद कार्यलय के पीछे खाद के गोदाम में किसान बनकर खाद की मांग की तो वो 1900 रूपर में गोदाम खोलकर देने तैयार हो गए। ये पूरा मामला पत्रिका ने कैमरे में कैद किया है।
जब उक्त गोदाम प्रभारी को पता चला कि, उक्त पूरे मामले की वीडियो बन गई तो तत्काल मोबाइल से वीडियो डिलीट किया गया, लेकिन इससे पहले ही किसान बनकर गए प्रतिनिधि ने संबंधित वीडियो पत्रिका तक पहुंचा दिया था। इसके बाद जब मामले पर जिम्मेदारों से सवाल किया गया तो तो इसपर पर्देदारी करते नजर आए। लेकिन, हकीकत ये है कि, जिले के वरिष्ट अधिकारी कागजी घोड़े दौड़ाकर भृमित कर रहे हैं, जबकि जमीनी हालात कुछ और ही हैं।
कलेक्टर पारदर्शिता रखने आए लाइव
जिला कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह ने शिवपुरी जिले में हाथ की व्यवस्थाओं को पारदर्शिता रखने के लिए आज ही अपने फेसबुक पेज पर जिले भर के किसानों से खाद की समस्याओं चर्चा की। समस्याओं को जानकर उनके तत्काल निराकरण करने के निर्देश भी दिए। वहीं, जिला कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह द्वारा सभी जिले के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि, किसी भी प्रकार की लापरवाही सामने आई तो क्षेत्र के जिम्मेदार के ऊपर कार्रवाई होगी।
दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई- एसडीएम
वहीं, मामले को लेकर कोलारस एसडीएम ब्रजविहारी श्रीवास्तव का कहना है कि, आपके जरिए मामला संज्ञान में आया है। मामले की जांच की जाएगी, जो भी दोषी होगा उसपर कार्रवाई की जाएगी। किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।