सीधी

एमपी में झमाझम बारिश-ओलावृष्टि बरपा रहा कहर, किसानों की फसल बर्बाद

Mp weather : सीधी जिले के भुईमाह अंचल में जमकर ओले गिरे, जिससे फसलों को काफी नुकसान हुई। एक दर्जन से अधिक गांवों में 5 से 10 मिनट बेर के आकार के ओले गिरने से खड़ी फसल चौपट हो गई।
2 min read
Mar 22, 2025
Heavy rain and hailstorm wreaking havoc in MP
Heavy rain and hailstorm wreaking havoc in MP

MP Weather : सीधी जिले में बुधवार रात से शुरू हुई बारिश के बाद गुरुवार को भी दिन-रात रुकरुकर हल्की बारिश(Rain Alert) का दौर चला। शुक्रवार को सुबह बादल छटा तो धूप दिखी लेकिन शाम को फिर से अचानक आसमान में बादल छा गए और कुछ ही पल में बारिश का दौर शुरू हो गया। जिले के भुईमाह अंचल में जमकर ओले गिरे(Hailstorm) जिससे फसलों को काफी नुकसान हुई। एक दर्जन से अधिक गांवों में 5 से 10 मिनट बेर के आकार के ओले गिरने से खड़ी फसल चौपट हो गई।

इसके साथ ही मझौली तहसील के टिकरी अंचल में भी हल्की ओलावृष्टि हुई है। बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया और ओलावृष्टि(Hailstorm) होने से फसलें खेतो में पसर गई, जिससे गेहूं की बालियां खराब होने की आशंका बढ़ गई है। जिले सहित भुईमाड़ क्षेत्र में शुक्रवार को मौसम ने अचानक करवट ली और तेज गरज-चमक के साथ झमाझम बारिश हुई। इस दौरान भुईमाड़ क्षेत्र में ओले गिरे, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। किसानों ने बताया कि शुक्रवार दोपहर तक आसमान साफ था, लेकिन शाम होते-होते काले बादलों ने पूरे क्षेत्र को घेर लिया। देखते ही देखते तेज हवाओं के साथ तेज बारिश शुरू हो गई। कुछ स्थानों पर मटर के आकार के ओले गिरे, जिससे खेतों में खड़ी फसलें बिछ गई।

इन गांवों में हुई ओलावृष्टि

जिले के भुईमाड़, गैवटा, कठौतिया करैल, सोनगढ़, केशलार, अमरोला सहित अन्य गांवों में 10 से 15 थानानिट तक ओलावृष्टि हुई है। बेमौसम बारिश(Rain Alert) के साथ ओलावृष्टि होने से चना, मसूर, अरहर के साथ ही गेहूं की फसलें भी प्रभावित हुई हैं। इसके अलावा सब्जियों व आम व महुआ की फसलों को भी काफी नुकसान होना बताया जा रहा है।

सतर्क रहें किसान

बेमौसम बारिश से जहां आम और महुआ के मंजर झड़ गए, वहीं गेहूं की फसल गिरने से पैदावार पर असर पड़ सकता है। अरहर की फसल भी पानी और ओलावृष्टि से प्रभावित हुई है। किसानों के अनुसार, इस समय गेंहूं की फसल पककर तैयार हो रही थी, वहीं महुआ भी फूलने लगा था। ऐसे में बारिश और ओलों के कारण दोनों फसलों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। स्थानीय कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बदलते मौसम को देखते हुए किसानों को सतर्क रहना होगा। बताते चलें कि जिले में लगातार बारिश का दौर विगत तीन दिन से चल रहा है, जबकि जिस खतरे का अंदेशा था वही हुआ और ओलावृष्टि का दौर जारी हो गया।

Updated on:
22 Mar 2025 09:17 am
Published on:
22 Mar 2025 09:17 am