
अजीतगढ़. सम्र्पूण कर्ज माफी के समर्थन में जयपुर कूच कर रहे अमराराम, पेमाराम समेत अन्य नेताओं की गिरफ्तारी को लेकर बुधवार को महिलाओं समेत कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का विरोध किया है। माकपा नेता युवा नेता विवेक यादव ने कहा कि सरकार के इस कदम से किसान डरने वाले नहीं है। गुरुवार को विधानसभा का घेराव जरूर होगा। इधर महिलाओं ने ग्राम पंचायत अजीतगढ़ तथा उपतहसील कार्यालय का घेराव किया। थाना प्रभारी हिम्मत सिंह ने महिलाओं को समझाकर शांतिपूर्ण ज्ञापन देने की बात कही। इसके बाद महिलाओं व कार्यकर्ताओ ने ज्ञापन देकर घेराव समाप्त किया। इस मौके पर पांच दर्जन से अधिक महिलाएं मौजूद थी।
खाटूश्यामजी. कस्बे में किसानों ने किसान नेताओं की गिरफ्तारी का विरोध किया। इस मौके पर शंकर बलोदा, गिरधारी मिस्त्री, बाबूलाल गीला झूथाराम कटारिया सहित अनेक महिलाएं भी शामिल रही। वहीं बाय में तहसील के संयुक्त सचिव नेमीचंद जाखड़ एवं डूकिया में सुवालाल जाखड़ के नेतृत्व में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। कार्यकर्ताओं ने क्षेत्र के किसानों को गुरुवार को जयपुर पहुंचकर विधानसभा के घेराव को सफल बनाने की अपील की।
थोई. कस्बे में जनवादी महिला समिति, नौजवान सभा,भवन निर्माण मजदूर यूनियन तथा किसान सभा तहसील कमेटी श्रीमाधोपुर के नेतृत्व में किसान नेताओं की गिरफ्तारी का विरोध किया गया। इस दौरान पूरणसिंह कूड़ी,प्रहलाद सैनी,अमर सिंह सहित अनेक किसान मौजूद थे।
पलसाना. किसानों ने उपतहसील में राज्यपाल के नाम ज्ञापन देकर किसान नेताओं की रिहाई की मांग की गई। दोपहर में पुरुष और महिलाएं उपतहसील कार्यालय पहुंचे। किसानों ने प्रदर्शन करने के बाद कार्यवाहक नायब तहसीलदार सुंडाराम को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। सडक़ पर प्रदर्शन से करीब बीस मिनट तक सडक़ पर जाम रहा। इस दौरान जोन सचिव श्यामलाल राव, हरिराम मूंड, प्रकाश अग्रवाल, सुरेन्द्र फुलवाडिय़ा, बीरबल राव, राजेन्द्र बगडिय़ा, महिपालसिंह, राजेन्द्र कादिया सहित कई लोग मौजूद थे। किसानों ने बताया कि वे पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही गुरुवार को विधानसभा का घेराव करेंगे। कस्बे से सैंकड़ों किसान वाहनों से सुबह आठ बजे जयपुर कूच करेंगे।
खाचरियावास. अखिल भारतीय किसान सभा के नेतृत्व में बुधवार को खाचरियावास के गणगौरी चौक में सैकड़ों की संख्या में किसानों ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के खिलाफ प्रदर्शन किया। वहीं सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। खाचरियावास जोन प्रभारी रामेश्वरलाल भादू ने बताया कि किसान नेताओं की गिरफ्तारी करके किसान आंदोलन को दबाया नहीं जा सकेगा। गुरुवार सुबह आठ बजे सैकड़ों किसान जयपुर में विधानसभा का घेराव करेंगे। कस्बे के कुली खाचरियावास चैनपुरा बनाथला बाय पचार श्यामपुरा सहित दर्जनों गांवों के हजारों किसान गुरुवार सुबह जयपुर कूच करेंगे। इस मौके पर रघुवीर सिंह लोरा, हिरालाल बुरडक, सरवन खाचरिया सरवन नारायण लाल सुवाराम किशन नंदा राम सहित काफी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
धोद. किसान नेताओं की गिरफ्तारी के लिए धोद व आसपास गांव के किसानों ने सरकारी स्कूल से लेकर मुख्य बाजार तक मुख्यमंत्री के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस मौके पर हुई सभा में रामरतन बगडिय़ा ने बताया कि सरकार किसान नेताओं को गिरफ्तार करके किसानों की आवाज को दबाना चाहती है, लेकिन इससे आंदोलन और तेज होगा। गुरुवार को विधानसभा घेराव किया जाएगा। इस मौके पर विजय शर्मा, अरुण पारीक, निजामुदीन, संगीता खोखर, सलमा बनो, मनोज पारीक, बन्नाराम नेहरा सहित सैकड़ों महिलाएं व पुरुष मौजूद रहे।
दांतारामगढ़. किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमराराम व अन्य नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में बुधवार को दांतारामगढ़ उपखण्ड मुख्यालय पर क्षेत्र के किसानों ने मुख्यमंत्री के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। मुण्डियावास सरपंच झाबरसिंह राड़ सहित अन्य वक्ताओं ने कहा कि किसान शांतिपूर्ण अपने हक की लड़ाई लड़ रहे है इसके बावजूद सरकार दमानात्मक कार्रवाई कर रही उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वक्तओं ने कहा कि गुरुवार को किसान जयपुर कूच जरूर करेंगे। सभा व प्रदर्शन के बाद एसडीएम को ज्ञापन भी दिया गया।
खंडेला में एक दर्जन गिरफ्तार
खंडेला. कस्बे में भी में बुधवार एसडीएम कार्यालय के बाहर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने की तैयारी कर रहे माकपा कार्यकर्ताओं को खंडेला पुलिस ने नेहरु पार्क से एसडीएम कार्यालय की तरफ कूच करते समय रास्ते में हिरासत में ले लिया। उसके बाद पुलिस ने किसान सभा तहसील अध्यक्ष राजेंद्र जाखड़ सहित एक दर्जन लोगों को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार कर तहसीलदार के समक्ष पेश किया।
इससे पहले तहसील अध्यक्ष राजेन्द्र जाखड़ के नेतृत्व में उपखंड कार्यालय पर सरकार का विरोध करने जा रहे थे। जाखड़ ने कहा कि सरकार किसान व किसान के वर्दीधारी बेटों को आमने सामने करना चाहती है। गुरुवार को हजारों की संख्या में किसान अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से जयपुर कूच करेंगे। उन्होंने राजस्थान पत्रिका को साधुवाद देते हुए जाखड़ कहा कि पत्रिका की वजह से काला कानून वापस हुआ। पत्रिका किसान, गरीब व आमजन की आवाज बन चुका है। आवाज उठाने में लोकतंत्र की भूमिका अदा करने के लिए साधुवाद दिया।