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Rajasthan ACB : महिला पटवारी 7 हज़ार की घूस लेते अरेस्ट, जानें ‘रंगे हाथ’ कैसे किया ट्रेप?  

परिवादी द्वारा मिन्नतें करने के बावजूद पटवारी अपनी मांग पर अड़ी रही, जिसके बाद पीड़ित ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की सीकर इकाई में अपनी शिकायत दर्ज कराई।
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Feb 02, 2026
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नीमकाथाना/सीकर

राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ छिड़ी जंग में सीकर एसीबी (ACB) की टीम को आज एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। नीमकाथाना जिले के भगेगा पटवार हल्का में तैनात महिला पटवारी सुमन कुमारी को एसीबी ने 7,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपिया पटवारी ने यह राशि परिवादी की जमाबंदी में नाम दुरुस्त करने की एवज में मांगी थी।

जमाबंदी में सुधार के बदले मांगी घूस

एसीबी मुख्यालय को प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक परिवादी ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी जमाबंदी में नाम संबंधी कुछ त्रुटियां थीं। जब वह इसे दुरुस्त करवाने के लिए भगेगा पटवार हल्का पहुँचा, तो वहां तैनात पटवारी सुमन कुमारी ने इस काम को करने के बदले रिश्वत की मांग की। परिवादी द्वारा मिन्नतें करने के बावजूद पटवारी अपनी मांग पर अड़ी रही, जिसके बाद पीड़ित ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की सीकर इकाई में अपनी शिकायत दर्ज कराई।

ACB का जाल, रंगे हाथ किया 'ट्रैप'

शिकायत मिलने के बाद एसीबी सीकर के एएसपी विजय कुमार और इंस्पेक्टर सुभाष मील के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन किया गया। सत्यापन के दौरान पटवारी द्वारा रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई।

  • कार्रवाई का समय: आज योजनाबद्ध तरीके से एसीबी ने जाल बिछाया। जैसे ही परिवादी ने पटवारी सुमन कुमारी को रिश्वत के 7,000 रुपये थमाए, पहले से तैयार एसीबी की टीम ने उसे रंगे हाथों दबोच लिया।
  • बरामदगी: टीम ने आरोपिया के पास से रिश्वत की पूरी राशि बरामद कर ली है।

उच्चाधिकारियों का सुपरविजन और टीम का नेतृत्व

यह पूरी कार्रवाई एसीबी मुख्यालय के निर्देशों पर और एसीबी डीआईजी अनिल कयाल के करीबी सुपरविजन में की गई।

  • टीम के मुख्य सदस्य: इस सफल ट्रैप को अंजाम देने में सीकर एसीबी के एएसपी विजय कुमार और इंस्पेक्टर सुभाष मील की अहम भूमिका रही। टीम अब पटवारी के आवास और अन्य ठिकानों की भी तलाशी ले रही है ताकि भ्रष्टाचार के अन्य सबूत जुटाए जा सकें।

भ्रष्टाचारियों में हड़कंप

महिला पटवारी की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही तहसील कार्यालय और राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। अक्सर राजस्व विभाग में छोटे कामों के लिए भी रिश्वतखोरी की शिकायतें आती रहती हैं, ऐसे में एसीबी की इस कार्रवाई को आम जनता के लिए एक बड़ी राहत और भ्रष्ट अधिकारियों के लिए कड़ी चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है।

Updated on:
02 Feb 2026 04:26 pm
Published on:
02 Feb 2026 04:26 pm