Khatu Shyam Ji Property: खाटूश्यामजी में बढ़ते निवेश से शेखावाटी में रोजगार की नई राहें भी खुल रही है। खाटू नगरी में लगातार कॉलोनियों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। जानिए यहां निवेश करना मुनाफा या मुसीबतों का सौदा है।
Khatu Shyam Ji Property: खाटूश्यामजी में बढ़ते निवेश से शेखावाटी में रोजगार की नई राहें भी खुल रही है। निवेश के दम पर जिले की अर्थव्यवस्था भी लगातार चमक रही है, लेकिन कदम-कदम पर सामने आ रही चूक भविष्य की चुनौती बढ़ा रही है।
खाटूश्यामजी में लगातार बढ़ती आस्था की कतार की वजह से इलाके में लगातार कॉलोनियों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। खाटू नगर पालिका व ग्राम पंचायत क्षेत्रों में विकसित होने वाली कई कॉलोनियां बिना अनुमति विकसित होने लगी है।
भविष्य में खाटूश्यामजी इलाके में कई बड़े प्रोजेक्ट भी आने की संभावना है। यदि प्रशासन की ओर से इन कॉलोनियों पर लगाम नहीं कसी गई तो अनियोजित बसावट चिन्ता बढ़ा सकती है।
खाटूश्यामजी इलाके के कई नजदीकी ग्राम पंचायतों में तो कृषि भूमि पर लगातार कॉलोनी डवलप हो रही है। एक्सपर्ट का कहना है कि यदि इन अवैध कॉलोनियों पर लगाम नहीं कसी गई तो पानी-बिजली को लेकर चुनौती बढ़ना तय है।
खाटूश्यामजी में हर साल आने वाले भक्तों की संख्या में इजाफा हो रहा है। ऐसे में खाटूश्यामजी का दायरा लगातार बढ़ रहा है। भक्तों की बढ़ती संख्या की वजह से सरकार की ओर से लगातार नए प्रोजेक्टों की घोषणा की जा रही है। ऐसे में चिन्ता यह है कि भविष्य में नए प्रोजेक्ट आने पर यह कॉलोनी चुनौती बन सकती है।
खाटूश्यामजी के लिए रिंग रोड की मांग लंबे समय से गूंज रही है। वहीं मण्डा मार्ग के फोरलेन होने की संभावना है। इन दोनों प्रोजेक्टों की घोषणा पर यह कॉलोनी ब्रेकर बनेगी। यदि प्रशासन की ओर से अभी से नियमों की पालना कराई जाए तो राहत मिल सकती है।
मंढा सहित अन्य मार्ग पर बढ़ती कॉलोनियों की वजह से इलाके में पानी-बिजली की खपत भी बढ़ने लग गई है। जबकि जलदाय विभाग, विद्युत निगम व ग्राम पंचायतों के पास इलाके में इतने संसाधन नहीं है। यदि इन कॉलोनियों का संबंधित विभागों में पंजीयन नहीं होता है तो भविष्य की चुनौती बढ़ना तय है।