
NEET पेपर लीक, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग और बिहार में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में बुलाया गया बिहार बंद शनिवार को सीवान में हिंसक हो गया। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच जमकर झड़प हुई। इस दौरान प्रदर्शनकारियों द्वारा पुलिस पर पथराव किए जाने की सूचना है, जिसमें सीवान के पुलिस अधीक्षक (एसपी) पूरन झा घायल हो गए। इसके बाद हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने फायरिंग की। फायरिंग में तीन छात्र घायल हो गए, जिनमें एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। गंभीर रूप से घायल छात्र को बेहतर इलाज के लिए पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (PMCH) रेफर किया गया है। बताया जा रहा है कि पुलिस ने 10 राउंड से अधिक गोलियां चलाईं। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव व्याप्त है और अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। पुलिस फिलहाल कुछ भी बोलने से इंकार कर रही है।
घटना के बाद सीवान में छात्रों और पुलिस के बीच तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पानी की बोतलें और पत्थर फेंके, जिससे कई पुलिसकर्मी घायल हुए। वहीं, छात्रों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया, जिसमें कई छात्र घायल हो गए।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया है। फिलहाल छात्र गांधी मैदान और उसके आसपास डटे हुए हैं। तनाव कम करने के लिए प्रशासन की ओर से छात्र नेताओं से बातचीत कर मामले का शांतिपूर्ण समाधान निकालने की कोशिश की जा रही है।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों की ओर से पथराव की सूचना मिलने पर सीवान के पुलिस अधीक्षक (SP) पूरन झा भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करने और वापस लौटने की अपील की। हालांकि, आरोप है कि प्रदर्शनकारी नहीं माने और पथराव शुरू कर दिया। इसी दौरान एक पत्थर एसपी पूरन झा को लगा, जिससे वे घायल हो गए।
इसके बाद पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पहले आंसू गैस के गोले दागे। पुलिस का दावा है कि इसके बावजूद जब प्रदर्शनकारी नहीं हटे, तो हालात काबू में लाने के लिए करीब 10 राउंड फायरिंग की गई। फायरिंग के बाद प्रदर्शनकारी गांधी मैदान के आसपास से हट गए, लेकिन इलाके में अब भी तनाव बना हुआ है।