इंग्लैंड की कमजोर रैंकिंग और आगे के मुश्किल शेड्यूल के चलते 2027 आईसीसी वर्ल्ड कप के लिए ऑटोमैटिक क्वालीफिकेशन पर संकट बन सकता है। इंग्लैंड की ODI में खराब फॉर्म भी इसमें बाधा बन सकती है।
England may miss out on 2027 ODI World Cup: इंग्लैंड क्रिकेट टीम लंबे समय तक लिमिटेड ओवर क्रिकेट में दुनिया की सबसे आक्रामक और सफल टीमों में गिनी जाती रही है। 2019 वर्ल्ड कप जीतने के बाद इंग्लैंड की वनडे में धाक मजबूत हुई थी, लेकिन हाल के सालों में उसका ग्राफ तेजी से नीचे गया है। 2027 क्रिकेट वर्ल्ड कप के लिए ऑटोमैटिक क्वालीफिकेशन के लिए अब इंग्लैंड को टिकट मिलना काफी मुश्किल हो सकता है, क्योंकि टीम की खराब फॉर्म और कठिन शेड्यूल उसकी राह को और मुश्किल बना रहे हैं।
इस समय इंग्लैंड की टीम वनडे रैंकिंग में आठवें स्थान पर है। भारत, न्यूजीलैंड, ऑस्ट्रेलिया, पाकिस्तान, श्रीलंका, साउथ अफ्रीका और अफगानिस्तान उससे ऊपर हैं। 2027 वर्ल्ड कप के लिए मेजबान साउथ अफ्रीका और जिम्बाब्वे के अलावा मार्च 2027 तक की रैंकिंग में टॉप आठ नॉन होस्ट टीमें सीधे क्वालीफाई करेंगी। अगर लिस्ट से साउथ अफ्रीका के ऑटोमैटिक क्वालीफिकेशन को देखें, तो इंग्लैंड फिलहाल सातवें क्वालीफिकेशन स्थान पर है, लेकिन वेस्टइंडीज और बांग्लादेश जैसी टीमें अगर उससे ऊपर चली गईं तो इंग्लैंड ऑटोमैटिक टिकट की रेस से बाहर हो सकता है।
इंग्लैंड का आने वाला वनडे शेड्यूल बेहद कठिन है। टीम अभी श्रीलंका में वनडे सीरीज खेल रही है, जिसका पहला मुकाबला वह पहले ही हार चुकी है। इसके बाद भारत के खिलाफ घरेलू सीरीज और श्रीलंका से फिर से अपने घर में भिड़ेगी। उसके बाद 2026 के आखिर में ऑस्ट्रेलिया और 2026-27 में साउथ अफ्रीका का दौरा भी तय है। ये सभी मुकाबले उन टीमों के खिलाफ हैं जो रैंकिंग में इंग्लैंड से ऊपर हैं। इसके विपरीत बांग्लादेश और वेस्टइंडीज जैसी टीमें रैंकिंग पॉइंट्स बटोर कर इंग्लैंड को पीछे छोड़ सकती हैं। अगर ऐसा होता है, तो इंग्लैंड ऑटोमैटिक क्वालीफिकेशन की रेस से सीधे बाहर हो जाएगा।
अगर यह हो जाता है, तो इंग्लैंड को इतिहास में पहली बार वर्ल्ड कप क्वालिफायर खेलना पड़ सकता है, जहां स्कॉटलैंड और आयरलैंड जैसी टीमों से मुकाबला कर वर्ल्ड कप में अपनी जगह बनानी पड़ेगी। लेकिन इससे टीम का 2027 का शेड्यूल गड़बड़ा सकता है, जिससे उसकी तैयारियों में खलल पड़ेगा।
2023 वर्ल्ड कप के बाद से इंग्लैंड की वनडे में समस्याएं सामने आने लगी थीं। उस टूर्नामेंट में टीम सातवें स्थान पर रही और चैंपियंस ट्रॉफी से बाहर होने से बाल-बाल बची। इसके बाद इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज, ऑस्ट्रेलिया, भारत, साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज गंवाई। लगभग दो साल तक टीम ने कोई बड़ी सीरीज नहीं जीती, इस दौरान 2025 में सिर्फ एक वेस्टइंडीज के खिलाफ 3-0 से सीरीज जीती। अगर आने वाली सीरीजों में इंग्लिश टीम की यही फॉर्म जारी रहती है, तो उसे वर्ल्ड कप में सीधे एंट्री से हाथ धोना पड़ सकता है।