राजस्थान के एक डाकघर में कार्यरत ग्रामीण डाक सेवक ने खाताधारकों के लाखों रुपए डाकघर में जमा करवाने के बजाय खुद के पास ही रख लिए। जानिए कैसे हुआ मामले का खुलासा।
राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले के जैतसर उप डाकघर के अधीन ग्राम पंचायत दो जीबी सरूपसर में संचालित शाखा डाकघर में कार्यरत ग्रामीण डाक सेवक ने खाताधारकों के लाखों रुपए डाकघर में जमा करवाने के बजाय खुद के पास ही रख लिए और वर्षों तक खुद इस राशि का उपभोग करता रहा।
ग्रामीणों में विश्वास बनाए रखने के लिए खाताधारकों को डाकघर की मुहर लगी रसीद भी जारी कर दी जिसे अब उप डाकपाल वैध नहीं मान रहे हैं।
मामले का खुलासा गुरुवार को उस समय हुआ जब एक महिला खाताधारक एक लाख रुपए की राशि की रसीद लेकर उप डाकघर पहुंची।
उसने डाकघर में जमा रुपए लौटाने की मांग करने की परंतु उप डाकपाल लालचंद स्वामी ने बताया कि उक्त राशि डाकघर में जमा ही नहीं है।
जिस पर पीड़ित महिला सुमन निवासी सरूपसर फाॅर्म ने संबंधित ग्रामीण डाक सेवक मक्खन सिंह से बात की तो उसने खुद के पास रुपए होना स्वीकार करते हुए कहा कि वह सोमवार तक खाताधारक महिला की राशि लौटा देगा।
डाकघर में एकमुश्त राशि (एफडी) जमा करवाने के नाम पर ग्रामीणों से रुपए लेने एवं रसीद जारी करने के मामले की जब राजस्थान पत्रिका ने पड़ताल की तो सामने आया कि ग्राम पंचायत दो जीबी सरूपसर के ग्रामीण डाक सेवक मक्खन सिंह ने अनेक लोगों से डाकघर की विभिन्न योजनाओं में रुपए जमा करवाने के नाम पर लाखों रुपए एकत्रित कर लिए परंतु एकत्रित की गई राशि डाकघर में जमा ही नहीं करवाई। पिछले करीब पांच-सात वर्षों से डाकघर में हेरफेर का यह खेल चल रहा है।
संतोष यादव निवासी सरूपसर फाॅर्म ने बताया कि उसने एक हजार रुपए प्रति महीने के हिसाब से शाखा डाकघर सरूपसर में करीब पांच साल तक रुपए जमा करवाए। जिसकी रसीद एवं पासबुक ग्रामीण डाक सेवक ने उसे प्रदान नहीं की जबकि एक अन्य खाते में ढाई हजार रुपए प्रति महीने के हिसाब से करीब दस महीने तक राशि जमा करवाई जबकि इस राशि में से मात्र साढे बारह हजार रुपए ही डाकघर में जमा है, शेष राशि के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया।
सुमन पत्नी सनोज निवासी सरूपसर फाॅर्म ने बताया कि उसने 23 सिंतबर 2022 को एक लाख रुपए की एफडी सरूपसर शाखा डाकघर में जमा करवाई थी। जिसकी समयावधि पूर्ण होने के बाद जब वह स्थानीय डाकघर में जमा पूंजी वापस लेने पहुंची तो उप डाकपाल ने बताया कि उसकी राशि डाकघर में जमा ही नहीं है।
सरूपसर शाखा डाकघर के ग्रामीण डाकसेवक की ओर से ग्रामीणों से रुपए लेकर डाकघर में जमा नहीं करवाने की कुछ शिकायतें मिली है। अभी तक किसी भी पीड़ित खाताधारक ने इस संबंध में लिखित में शिकायत नहीं दी है।
डाकघर में रुपए जमा करवाने के नाम पर किए गए लेनदेन की जानकारी नहीं है। शिकायत मिलने के बाद जांच करवाई जाएगी।