Collector Visit Sukma: नक्सल प्रभावित दूरस्थ क्षेत्र पोरो-परिया में कलेक्टर अमित कुमार ने गांवों का दौरा कर विकास कार्यों और बुनियादी सुविधाओं का जायजा लिया।
Collector Visit Sukma: नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में विकास की गति तेज करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन लगातार सक्रिय है। इसी क्रम में सुकमा जिले के अत्यंत दूरस्थ क्षेत्र पोरो-परिया में आजादी के बाद पहली बार कलेक्टर अमित कुमार पहुंचे। उनके साथ जिला पंचायत सीईओ मुकुन्द ठाकुर भी मौजूद रहे। अधिकारियों की टीम ने गांवों का दौरा कर बुनियादी सुविधाओं और विकास कार्यों की स्थिति का विस्तृत निरीक्षण किया।
दौरे के दौरान कलेक्टर ने मारोकी गांव में प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों के घरों तक पैदल पहुंचकर ग्रामीणों से सीधे संवाद किया। उन्होंने आवास निर्माण की स्थिति, राशन वितरण, बिजली और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं के बारे में जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने उप स्वास्थ्य केंद्र मारोकी का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने केंद्र में उपलब्ध बेबी वार्मर मशीन को स्वयं चालू कर उसकी कार्यप्रणाली समझी और नवजात शिशुओं की बेहतर देखभाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही ड्रॉप पैरासिटामोल सहित अन्य आवश्यक दवाओं की उपलब्धता बनाए रखने पर भी जोर दिया।
निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक टीम ने पीडीएस भवन, आंगनबाड़ी केंद्र, पंचायत भवन, स्कूल, बिजली, पानी, सड़क और स्वास्थ्य केंद्र जैसी सुविधाओं का भी जायजा लिया। पीडीएस वितरण केंद्र में कलेक्टर ने हितग्राहियों से चर्चा कर राशन वितरण व्यवस्था की जानकारी ली और अधिकारियों को पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
दौरे के अंत में कलेक्टर अमित कुमार ने गादीरास तहसील कार्यालय का निरीक्षण कर नामांतरण, बंटवारा सहित अन्य लंबित राजस्व प्रकरणों की समीक्षा की और उनके समयबद्ध निराकरण के निर्देश दिए।
दौरे के दौरान ग्रामीणों से चर्चा कर कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों के लिए निर्देश भी दिए गए। इनमें आंगनबाड़ी भवन निर्माण, स्कूल भवन निर्माण, सडक़ निर्माण, हाता निर्माण, पुलिया निर्माण, बिजली आपूर्ति सुदृढ़ करना, बोरिंग खुदाई तथा जल जीवन मिशन के तहत हर घर नल कनेक्शन उपलब्ध कराना जैसे कार्य शामिल हैं।
परिया क्षेत्र में पात्र ग्रामीण परिवारों को उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही क्षेत्र के शिक्षित युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से राजमिस्त्री और बांस शिल्पकला प्रशिक्षण शुरू होंगे।