सूरत

कभी थर्राता था चंबल, अब बने उपदेशक

एक समय मध्यप्रदेश के भिंड जिले के कुख्यात पंचम सिंह के गिरोह में साढ़े पांच सौ से ज्यादा डाकू थे
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Mar 06, 2018
patrika

वलसाड. किसी जमान में जिस डाकू पंचम सिंह से चंबल के बीहड़ थर्राते थे, वह उपदेशक बनकर लोगों को प्रवचन दे रहा है। सोमवार को वलसाड में ब्रह्मकुमारी केन्द्र पहुंचे पंचम सिंह का संस्था द्वारा स्वागत किया गया।

एक समय मध्यप्रदेश के भिंड जिले के कुख्यात पंचम सिंह के गिरोह में साढ़े पांच सौ से ज्यादा डाकू थे। पंचम सिंह पर सौ लोगों की हत्या का आरोप था और उसके नाम से लोग कांपते थे। तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने डाकुओं के आत्मसमर्पण करने पर सजा मे रियायत की शर्त रखी। जिसके बाद पंचम सिंह ने अपने साथियों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया था।

सरकार ने उस पर मुकदमा चलाया और फांसी की सजा भी हुई थी। मगर जेल में रहते पंचम सिंह ब्रह्मकुमारी के संपर्क आने के बाद सुधर गया और लोगों को भी सुधारने लगा। उसके चाल चलन कोदेखकर सात साल बाद उसकी सजा माफ कर दी गई थी। रिहा होने के बाद भी उनसे बह्मकुमारी के संपर्क मे रहकर समाज में सुधार कार्यक्रम चलाए रखा। सोमवार को ब्रह्मकुमारी केन्द्र पहुंचे 96 वर्ष के हो चुके पंचम सिंह ने लोगों को धर्म की राह पर चलने का उपदेश दिया।

तेरापंथ समाज का होली स्नेह मिलन

वापी. तेरापंथ समाज वापी का होली स्नेह मिलन समारोह रविवार की शाम दमण रोड स्थित रॉयल विलेज क्लब हाउस पर संपन्न हुआ। समारोह के प्रारंभ में अध्यक्ष रमेश कोठारी ने सभी को होली पर्व की शुभकामनाएं दी। शेखावाटी से आए लोक कलाकार सवाई सिंह व विकास मिश्रा ने अपने होली लोकगीतों से शमां बांध दिया। नृत्यांगना रेखा शेखावत के घूमर नृत्य पर तो दर्शक भी भाव विभोर होकर नाचने लगे। समाज के बाल गायक कोठारी के गीतों की प्रस्तुति को भी सभी ने सराहा। तेरापंथ समाज उपाध्यक्ष राजेश दुग्गड़ व गुलाबचंद चोपड़ा ने आमंत्रित मेहमानों व कलाकारों का पुष्प गुच्छ प्रदान कर सम्मान किया। समारोह में विप्र समाज के बाबूलाल शर्मा, राकेश शर्मा, पारीक समाज के अध्यक्ष सुरेश पारीक व वापी नगर पालिका पार्षद मनीषा दायमा अतिथि के रुप में उपस्थित रहे।

Updated on:
06 Mar 2018 11:24 am
Published on:
06 Mar 2018 11:24 am