
प्रतीकात्मक तस्वीर
Faisal Fatta Murder Case: वेडरोड पर चंद्रशेखर आजाद ब्रिज के पास प्रॉपर्टी डीलर फैजल फत्ता की निर्मम हत्या के मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। हत्या के लिए किराए के हत्यारों को 10 लाख रुपए की सुपारी देने का आरोप झेल रहा मुख्य आरोपी मुबारक पटेल उर्फ मुबो तीन सप्ताह तक पुलिस की पकड़ से दूर रहने के बाद नाटकीय तरीके से शुक्रवार को अदालत में पेश हो गया।
बताया जा रहा है कि गणेश विसर्जन के दौरान पूरे शहर की पुलिस सुरक्षा बंदोबस्त में व्यस्त थी, जिसका लाभ उठाकर उसने कोर्ट में शरण ली। रांदेर क्षेत्र के ताड़वाड़ी कॉज-वे रोड स्थित अल नूर रेसिडेंसी निवासी प्रॉपर्टी डीलर फैजल फत्ता पर 31 अगस्त की रात करीब नौ बजे हमला हुआ था। वह स्कूटर से चौकबाजार से अडाजण पाटिया की ओर जा रहे थे, तभी चंद्रशेखर आजाद ब्रिज के पास हमलावरों ने उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने धारदार हथियारों से फैजल पर 18 से 20 वार कर उनकी हत्या कर दी थी।
पुलिस जांच में सामने आया था कि फैजल शाम को तापीपुरा स्थित आइपी मिशन स्कूल के पास जमाल सैयद के कार्यालय गए थे और वहां से निकलने के बाद हमलावर उनका पीछा कर रहे थे। स्कूल से चंद्रशेखर आजाद ब्रिज तक के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर क्राइम ब्रांच और चौकबाजार पुलिस ने मुंबई हाइवे से चार आरोपियों अभिषेक देवरे उर्फ घुंघरू, कैसरअली सैयद, वसीम शेख उर्फ वसीयो और गोकुल जाधव को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में खुलासा हुआ था कि मुबारक पटेल ने हत्या के लिए 10 लाख रुपए की सुपारी दी थी और एक लाख रुपए एडवांस भी दिए थे।
वहीं दूसरी तरफ वेसू इलाके में मामूली कहासुनी और अभद्रता ने खूनी रूप ले लिया। एक इलेक्ट्रिक दुकान पर दुकान मालिक से हुए विवाद को शांत कराने बीच में आए युवक की उसके ही दोस्त ने चाकू मारकर हत्या कर दी। आरोपी ने युवक के गले के बाएं हिस्से पर चाकू से वार किया। घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गंभीर रूप से घायल मुकुल को नई सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घायल आरोपी जितेंद्र को भी पुलिस की निगरानी में दूसरी एम्बुलेंस से सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
Updated on:
25 Sept 2026 09:07 pm
Published on:
25 Sept 2026 09:05 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
