MP News- केंद्रीय मंत्री के निवास के पास मिले 43 वोटर आईडी मामले में जांच तेज हुई। स्वास्थ्य विभाग का लिपिक जांच के दायरे में है। वहीं, कचरे में मिले वोटर आईडी में जिनके नाम उनमें 11 के तबादले हो चुके हैं।
Voter ID found near Union Minister bungalow: टीकमगढ़ में केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र कुमार के निवास के पास कचरे में फेंके गए 43 वोटर आईडी को लेकर जांच शुरू हो गई। शुरुआती दौर में सामने आया है कि यह जिनके कार्ड हैं उनमें 11 लोग जिले से बाहर स्थानांतरित हो चुके हैं और 32 अभी जिले में ही हैं। यह कार्ड जिस बीएलओ के क्षेत्र से हैं जो फिलहाल स्वास्थ्य विभाग में लिपिक है।वोटर कार्ड के दुरुपयोग की आशंका को लेकर जांच की जा रही है। तो नहीं किया गया है प्रशासन इसकी जांच कर रहा है।
सासंद प्रतिनिधि विवेक चतुर्वेदी की शिकायत पर तहसीलदार सतेंद्र गुर्जर ने इन्हें जब्त कर कलेक्टर को सूचना दी थी। कलेक्टर ने एसडीम संस्कृति लिटौरिया को उस मामले की जांच सौंपी है। इन वोटर कार्ड को लेकर दूसरे दिन भी कलेक्ट्रेट के साथ ही स्वास्थ्य विभाग में दिनभर चर्चाओं का दौर चलता रहा। वहीं प्रशासन इस मामले की जांच करने की बात कह रहा है। इसके बाद ही कुछ कहा जा सकता है। (MP News)
यह कार्ड मिलने के बाद सांसद प्रतिनिधि विवेक चतुर्वेदी ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की भी तलाश की थी। उसमें भी सामने आया था कि यह कार्ड संतोष आंबेडकर के घर से ही कचरे के साथ फेंके गए थे और एक महिला फेंकने आई थी। चतुर्वेदी ने इसे देशभर में चल रहे वोट चोरी के मामले से जोड़ते हुए इसकी जांच के लिए कलेक्टर को पत्र सौंपा था। उन्होंने इस मामले में स्वास्थ्य विभाग के लिपिक संतोष आंबेडकर पर आरोप लगाए थे कि कही यह सरकार को कमजोर करने वाली शक्तियों के साथ मिलकर केंद्रीय मंत्री को निशाना बनाना तो नहीं चाह रहे है। (MP News)