mp weather: मध्य प्रदेश में इस साल मार्च में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी पड़ रही है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि अभी कुछ दिनों तक तापमान इसी तरह बढ़ सकता है, जिससे किसानों और आम जनता की परेशानी और बढ़ सकती है।
mp weather: मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ जिले में पिछले 20 वर्षों में पहली बार मार्च में इतनी अधिक गर्मी दर्ज की गई है। बुधवार को अधिकतम तापमान 37.8 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जिससे गर्म हवाओं का असर पूरे दिन महसूस किया गया। बढ़ते तापमान से लोग परेशान हैं और सड़कों पर भी सन्नाटा पसरा रहा। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी मौसम शुष्क रहने की संभावना जताई है, जिससे लोग मई-जून की गर्मी को लेकर चिंतित हैं।
बुधवार को सुबह से ही तेज धूप निकली रही, लेकिन दोपहर 1 बजे के बाद चलने वाली गर्म हवाओं ने लोगों को और अधिक परेशान कर दिया। हालात ऐसे थे कि लोग बाहर निकलने से बचते दिखे, जिससे सड़कों पर भीड़ कम हो गई। पिछले चार दिनों से जिले के तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है, और इस बार मार्च में तापमान का यह स्तर पिछले 20 वर्षों में पहली बार देखा गया है।
| वर्ष | अधिकतम (°C) | न्यूनतम (°C) |
| 2025 | 37.8| 16.3 |
| 2018 | 36.0 | 13.2 |
| 2016 | 36.0 | 18.2 |
| 2007 | 34.5 | 18.4 |
| 2004 | 36.6 | 16.8 |
अगर पिछले 20 वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें, तो 12 मार्च 2025 सबसे अधिक गर्म दिन के रूप में दर्ज किया गया है, जबकि 2007 में इसी दिन की रात सबसे गर्म रही थी, जब न्यूनतम तापमान 18.4 डिग्री था।
लगातार बढ़ते तापमान का असर खेतों पर भी दिखाई देने लगा है। गेहूं की बालियां तेजी से पीली पड़ने लगी हैं जिससे फसलों की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। किसान अभी हल्की ठंड की उम्मीद कर रहे थे ताकि फसलें बेहतर पक सकें, लेकिन अचानक बढ़ी गर्मी से फसलें कमजोर होने का खतरा बना हुआ है।