
टोडारायसिंह. बीसलपुर बांध के पूर्ण भराव से अधिक पानी आने से बांध के निकटवर्ती गांवों में सैकड़ों बीघा फसलें जलमग्न हो गई है। इधर, फसल डूबने को लेकर नाराज किसानों ने उपखण्ड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उल्लेखनीय है कि बीसलपुर बांध के पूर्ण भराव 315.50 आर.एल. मीटर आने के बाद परियोजना अधिकारियों ने स्तर बनाए रखने को लेकर निरंतर डाउन स्ट्रीम में पानी की निकासी कर रहे है।
बीती रात 11 बजे बाद तीसरा गेट खोलकर 18 हजार क्यूसेक की प्रति सैकण्ड निकासी जा रही है। वहीं रविवार देर शाम कैचमेंट एरिया में हुई तेज बारिश से बांध का जल स्तर बढ़ गया है। निरंतर जल स्तर बढऩे से पानी का फैलाव बढऩे लगा है।
स्थिति यह है कि बीसलपुर बांध किनारे टोडारायसिंह क्षेत्र के थड़ोला, पंचमुखी कॉलोनी, शम्भूनगर, लाडपुरा, प्रधाननगर, सुरजपुरा, थड़ोली, सुरजपुरा, भासू, रामसिंहपुरा, भगवानपुरा, टोपा कालोनी, दाबड़दुम्बा की आंशिक डूब क्षेत्र की फसलें पहले ही डूब गई है।
वही गांव के निकट डूब क्षेत्र से बाहर खेतों में भी पानी भर जाने से फसलें जल मग्न हो गई है। भगवानपुरा (सोलापुरा) निवासी बालूराम, गोपाललाल, बबलू धाकड़, कल्याण, लक्ष्मण, घनश्याम, रामअवतार, सत्यनारायण, दुर्गालाल, सुरजलमल ने उपखण्ड अधिकारी डॉ. सूरजसिंह नेगी को दिए ज्ञापन में बताया कि बांध में पानी भरने से लाखों रुपए खर्च कर मक्का, बाजरा, तिल व ज्वार की फसल के अलावा सब्जियां बोई थी। उक्त खेतों में पानी भर जाने से फसले नष्ट होने के कगार पर है।
पम्पासागर की चादर तोडऩे से लोगों में रोष
पचेवर. पम्पासागर तालाब ऑवर फ्लो होने के बाद करीब आठ दिन तक चली पानी की चादर के बाद पंचायत प्रशासन ने तालाब की चादर को मिट्टी के कट्टे लगवाकर शुक्रवार को रुकवाया था। रविवार मध्य रात को अज्ञात लोगों द्वारा तालाब की चादर पर लगे कट्टो को हटा देने से पानी तालाब से बाहर निकल गया। सोमवार सुबह जब तालाब से पानी बाहर निकलते देखा जो ग्रामीण भडक़ गए।
पंचायत प्रशासन सहित सरपंच घनश्याम गुर्जर, सहायक सचिव बजरंग लाल स्वामी, वार्ड पंच हनुमान बोहरा को अवगत करवाया। मौके पर दर्जनों ग्र्रामीण एकत्र हो गए। ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त करते हुए सरपंच से अज्ञात लोगों के विरुद्व मामला दर्ज करवाने को कहा। पंचायत प्रशासन द्वारा पम्पासागर तालाब की चादर पर वापस मिट्टी के कट्टे भरकर रुकवाया गया। जब मामला शांत हुआ।