
मालपुरा. शहर में विजयादशमी की शोभायात्रा के दौरान हुए घटना क्रम के बाद लगाए गए कफ्र्यू के चौथे दिन शनिवार को प्रशासन द्वारा तीन घंटे की छूट दी गई, जिसमें भाजपा के प्रदेशस्तरीय नेताओं के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं व समस्त हिन्दू समाज की ओर से शहर में मौन जुलूस निकाल कर सम्भागीय आयुक्त व पुलिस महानिदेशक को ज्ञापन सौंपकर पथराव व चौदह माह पूर्व कावडिय़ों पर हुए हमले के आरोपियों को गिरफ्तार करने तथा जनता पर थोपे गए कफ्र्यू को हटाने की मांग की। वहीं कफ्र्यू में छूट के दौरान लोगों ने साग-सब्जी व रोजमर्रा के सामान की खरीदारी की।
सुबह कफ्र्यू में तीन घण्टे की छूट में लोगों ने जमकर खरीदारी की तथा अपने रोजमर्रा के काम निपटाए। वहीं जयपुर सांसद रामचरण बोहरा, पूर्व स्वायत्त शासन मंत्री राजपाल सिंह शेखावत, पूर्व स्वास्थ्य मंंत्री काली चरण सर्राफ, विधायक कन्हैया लाल चौधरी, जिला प्रमुख सत्यनारायण चौधरी, जिलाध्यक्ष गणेश माहुर, हिन्दू जागरण मंच के जिला अध्यक्ष राजेन्द्र पराणा, एस.सी. मोर्चा जिलाध्यक्ष दीपक संगत, ओम पाण्ड़े, अमित बागड़ी सहित एडवोकेट राजकुमार जैन, नरेन्द्र कुमार जैन के नेतृत्व में डाक बंगले से मौन जुलूस निकाल गया तथा थाने में पहुंच कर सम्भागीय आयुक्त एल.एन.मीणा, पुलिस महानिरीक्षक अजमेर रेंज संजीव निर्जरी, जिला कलक्टर के.के. शर्मा, पुलिस अधीक्षक आदर्श सिधू एवं एसडीएम आनंदी लाल वैष्णव से समुदाय विशेष के लोगों द्वारा शोभायात्रा के जुलूस पर पथराव व इससे पूर्व कावडिय़ों पर किए गए हमले एवं वर्ष 2016 में राष्ट्रद्रोह के दर्ज मामलों में वांच्छित आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार करने एवं कफ्र्यू से राहत दिलाने,दशहरे के रोज मोहल्ला सादात में नगरपालिका द्वारा लगवाए जा रहे सीसीटीवी कैमरों को तोडऩे व कर्मचारियों के साथ मारपीट करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने, जुलूस के दौरान प्रशासन द्वारा बरती गई लापरवाही में दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।
वहीं शुक्रवार दो मनिहारी की केबिनों में हुई आगजनी की घटना में दर्ज करवाए गए झूठे मुकदमें की निष्पक्ष जांच करवाई जाने की भी मांग की। वहीं साथ ही झूठे प्रकरण दर्ज करवाने वाले लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाए।
वहीं कस्बे में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सम्भागीय आयुक्त, , पुलिस महानिरीक्षक अजमेर रेंज, जिला कलक्टर, पुलिस अधीक्षक सहित नाथावत ने कफ्र्यू में ढील के दौरान शहर के बाजारों में लोगों व महिलाओं से मुलाकात कर हालातों के बारे में जानकारी लेते रहे।
वहीं दोपहर में थाने में शांति समिति एवं सामुदायिक समन्वयक समिति की बैठक में सदस्यों ने कफ्र्यू में ढील बढाने एवं यातायात व्यवस्था को सुचारू करने की मांग रखी। सम्भागीय आयुक्त ने बैठक में क्षेत्र में कानून व शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए उनके सुझाव मांगे गए।
वहीं शनिवार को प्रात: 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक कफ्र्यू के दौरान प्रशासन की ओर से 3 घंटे की ढील में बाजारों में दुकानें खुल गई। लोगों ने घरो से निकल कर आवश्यक वस्तुओं सहित सब्जी मण्डी लगने से महिलाओं ने सब्जियों की खरीदारी की।