उदयपुर

उदयपुर के गीतांजली हॉस्पीटल पर लगी एनएबीएच की मुहर, बना राजस्थान का पहला मेडिकल कॉलेज एवं मल्टी सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल

इस अवसर पर शनिवार को गीतांजली ऑडिटोरियम में एनएबीएच ट्रायम्फ अटेनमेंट सेरेमनी का आयोजन हुआ।
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Updated: 6 May 2018, 3:38 PM IST
Geetanjali Medical College Hospital in udaipur

डॉ सुशील सिंह चौहान / उदयपुर . गीतांजली मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल अब एनएबीएच से मान्यता के साथ ही सम्पूर्ण राजस्थान का पहला मेडिकल कॉलेज एवं मल्टी सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बन गया है। इस अवसर पर शनिवार को गीतांजली ऑडिटोरियम में एनएबीएच ट्रायम्फ अटेनमेंट सेरेमनी का आयोजन हुआ।


कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डायरेक्टर जनरल एसोसिएशन ऑफ हैल्थ केयर प्रोवाइडर ऑफ इंडिया के डॉ. गिरधर ज्ञानी थे। बतौर विशिष्ट अतिथि गीतांजली ग्रुप के चेयरमैन जेपी अग्रवाल, वाइस चेयरमैन कपिल अग्रवाल, कार्यकारी निदेशक अंकित अग्रवाल, गीतांजली यूनिवर्सिटी के वीसी डॉ. आरके नाहर, मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. एफ एस मेहता एवं सीईओ डॉ. किशोर पुजारी थे। वरिष्ठ महाप्रबंधक क्वालिटी कंट्रोल सुकांता दास का दावा है कि गीतांजली मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल राजस्थान का पहला मान्यता प्राप्त संस्थान है, जिसको मात्र 10 महीने 6 दिन के रिकॉर्ड समय में एनएबीएच एक्रेडिटेशन प्राप्त हुआ है। आमतौर पर इसके लिए लगभग तीन साल का समय लगता है।


डॉ गिरधर ज्ञानी ने जेपी अग्रवाल, कपिल अग्रवाल, अंकित अग्रवाल, डॉ. आरके नाहर, डॉ. एफएस मेहता, डॉ. किशोर पुजारी, सुकांता दास को एनएबीएच प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। इस उपलब्धि पर गीतांजली के चिकित्सक एवं स्टाफ भाव-विभोर हो उठे, वहीं कइयों के आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। डॉ ग्यानी ने बताया कि पूरे देश में कुल 550 पूर्ण एनएबीएच एक्रेडिटेशन प्राप्त हॉस्पिटल होंगे। जेपी अग्रवाल ने कहा कि ‘गीतांजली ने शुरू से ही गुणवत्ता एवं शोध पर बहुत ध्यान दिया है।

इसके परिणामस्वरूप 683 उद्देश्यों को रिकॉर्ड समय में हॉस्पिटल में क्रियान्वित किया गया है। कार्यक्रम में ही डॉ. ज्ञानी ने एएचपीआई के स्मृति चिह्न से जेपी अग्रवाल, कपिल अग्रवाल एवं अंकित अग्रवाल को सम्मानित किया। साथ ही राजस्थान सेक्टर के लिए डॉ. पुजारी को उपाध्यक्ष बनाने की घोषणा की। संचालन जनरल मैनेजर एचआर राजीव पंड्या एवं हिमाली व्यास ने किया। इस अवसर पर रंगारंग प्रस्तुतियों ने भी समां बांध दिया।

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