
Udaipur Bulldozer Action: अपराध की दुनिया में दबदबा कायम कर सरकारी जमीनों पर अपने साम्राज्य खड़े करने वाले शहर के कुछ कुख्यात हिस्ट्रीशीटर अब उदयपुर जिला प्रशासन के निशाने पर हैं। हत्या, लूट, डकैती, रंगदारी, अवैध हथियार और अन्य गंभीर मामलों में नामजद इन अपराधियों ने कथित रूप से शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बिलानाम, मगरी किस्म और सरकारी खातों की जमीनों पर कब्जे जमा रखे हैं।
कहीं प्लॉटिंग कर भूखंड बेचे जा रहे हैं तो कहीं रिसोर्ट, विला, स्वीमिंग पूल और अन्य निर्माण खड़े कर दिए गए हैं।
जिला पुलिस की रिपोर्ट के बाद अब प्रशासन इन अवैध कब्जों को हटाने की तैयारी में है। सूत्रों के अनुसार संबंधित विभागों ने जमीनों का रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया है और जल्द ही अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू करेगा।
पुलिस का मानना है कि इन अपराधियों ने अपने गुर्गों और प्रभाव का उपयोग कर सरकारी जमीनों पर कब्जे किए। स्थानीय स्तर पर ऐसा भय का माहौल है कि लोग खुलकर शिकायत तक करने से बचते रहे। पुलिस की रिपोर्ट में कहा गया कि जमानत पर जेल से बाहर आने के बाद भी कई हिस्ट्रीशीटर आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहे और सरकारी भूमि पर कब्जों के जरिये अपना रसूख बढ़ाते रहे।
प्रशासन अब यह जांच कर रहा है कि जिन जमीनों पर हिस्ट्रीशीटर ने कब्जे कर लिए था उन पर रिसोर्ट, विला, स्वीमिंग पूल या अन्य व्यावसायिक निर्माण तो नहीं किए गए। कई स्थानों पर प्लॉटिंग कर भूखंड बेचने की शिकायतें भी सामने आई हैं।
पुलिस ने जिला प्रशासन से अनुरोध किया है कि संबंधित विभागों के जरिये कार्रवाई कर सभी अवैध कब्जों को हटाया जाए और आरोपियों को सरकारी भूमि से बेदखल किया जाए। पुलिस ने बाकायदा इन अपराधियों के रिकॉर्ड, पटवारियों की रिपोर्ट, जमाबंदी नकल, फोटोग्राफ और आपराधिक रिकॉर्ड भी उपलब्ध करवाए हैं।