उदयपुर

थाईलैंड में नौकरी का झांसा देकर म्यांमार में बंधक बनाया…उदयपुर के महेन्द्र सिंह राठौड़ ने सुनाई आपबीती, खोले राज

Thailand Job Fraud: थाईलैंड में नौकरी का झांसा देकर उदयपुर के युवक को म्यांमार के साइबर स्कैम सेंटर में बंधक बना लिया गया। पासपोर्ट छीनकर उससे जबरन ठगी कराई गई। परिवार ने 12 लाख रुपए देकर उसे छुड़ाया।
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Oct 04, 2026
Udaipur Youth Kidnapping
पीड़ित महेन्द्र सिंह राठौड़ (Photo-Patrika)

उदयपुर. विदेश में नौकरी कर परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने का सपना लेकर निकला बांसड़ा खेरोदा निवासी महेन्द्रसिंह राठौड़ (32) कथित साइबर स्कैम नेटवर्क में फंस गया। दुबई में हुई पहचान के जरिये उसे थाईलैंड की चॉकलेट कंपनी में नौकरी दिलाने का झांसा दिया गया। मुंबई और चेन्नई होते हुए वह बैंकॉक पहुंचा, लेकिन आरोप है कि वहां से उसे अवैध तरीके से म्यांमार पहुंचा दिया गया। पासपोर्ट और मोबाइल छीनकर जंगल में बने सेंटर में रखा गया और बंदूक दिखाकर साइबर स्कैम करने को मजबूर किया गया। काम से इनकार करने पर परिवार से पैसे मंगाने का दबाव बनाया गया। परिवार ने 12 लाख रुपए देकर उसे चंगुल से निकाला।

महेन्द्र के अनुसार, 21 सितंबर को उसे माइसोट बस स्टैंड पर छोड़ दिया गया। परिवार ने फ्लाइट का टिकट कराया, जिसके बाद वह मुंबई पहुंचा। भारत लौटकर उसने पुलिस और संबंधित एजेंसियों से संपर्क किया तथा गोपनीय शाखा को जानकारी दी। उसके अनुसार, बेंगलूरु का कार्तिक सुंदरम, मुंबई के तीन लोग और ब्यावर का एक युवक अब भी वहां फंसे हैं। उसके संपर्क में आए पांच-छह परिवारों ने भी अपने परिजनों के म्यांमार में होने की जानकारी दी है।

बैंकॉक से नदी पार कर म्यांमार पहुंचाया

महेन्द्र के अनुसार, 29 अगस्त से संपर्क में रहने के बाद उसे मुंबई बुलाया गया। 30 अगस्त को चेन्नई भेजा गया, जहां एयरपोर्ट के बाहर राहुल नाम का युवक मिला। उससे 30 हजार और 54 हजार रुपए ऑनलाइन लिए गए। इसके बाद बैंकॉक भेज दिया गया। वहां कार से करीब 200 किमी दूर ले जाकर कई गाड़ियां बदली गईं। उसके साथ बेंगलूरु का कार्तिक और लावण्या नाम की युवती भी थी। थाईलैंड बॉर्डर के पास बोट से नदी पार कर म्यांमार पहुंचाया गया। दो दिन बाद माइसोट और फिर नियति गांव से करीब 10 किमी जंगल के अंदर सेंटर ले जाया गया।

म्यांमार स्थित वह साइबर स्कैम सेंटर, जहां पीड़ित को रखा गया

महिलाओं से ठगी का काम कराने का आरोप

पीड़ित के मुताबिक, कथित चीनी कंपनी के सेंटर में फेसबुक, इंस्टाग्राम और मैट्रिमोनियल साइट्स के जरिये भारत और अमेरिका की महिलाओं से संपर्क कर पैसे ऐंठने को कहा गया। इनकार करने पर मारपीट की गई और पांच दिन कमरे में बंद रखा गया। खाना-पानी नहीं देने से हालत बिगड़ने पर वह बेहोश हो गया।

Updated on:
04 Oct 2026 10:33 am
Published on:
04 Oct 2026 10:33 am