मार्च माह की शुरुआत इस बार पश्चिमी विक्षोभ के साथ ही हुई और अब मार्च क्लोजिंग भी पश्चिमी विक्षोभ के साथ ही हो रही है। पूरे माह पश्चिमी विक्षोभ का असर मौसम पर हावी रहा।
पत्रिका न्यूज नेटवर्क/उदयपुर. मार्च माह की शुरुआत इस बार पश्चिमी विक्षोभ के साथ ही हुई और अब मार्च क्लोजिंग भी पश्चिमी विक्षोभ के साथ ही हो रही है। पूरे माह पश्चिमी विक्षोभ का असर मौसम पर हावी रहा। इस कारण इस साल मार्च में गर्मी ने नहीं सताया। इस साल मार्च का अधिकतम तापमान ही 33 डिग्री से ऊपर नहीं जा पाया। जबकि पिछले कुछ सालों की बात करें तो अधिकतम तापमान कभी 35 डिग्री से कम रहा ही नहीं है।
लेकसिटी पर दिखा विक्षोभ का असर, छाए बादल : मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, एक नया पश्चिमी विक्षोभ बुधवार से सक्रिय हुआ जिसके कारण कई संभागों में बारिश, आंधी व ओलावृष्टि की संभावना है। इसका असर मेवाड़ पर भी रहेगा जहां हल्की बारिश हो सकती है। विक्षोभ के असर से ही बुधवार को लेकसिटी का मौसम पलटा दिखाई दिया। यहां दिन से ही बादल छाए और शाम को ठंडी हवाएं भी चलने लगीं।
आज और कल रहेगा असर
30 मार्च : विक्षोभ का प्रभाव सर्वाधिक रहने और जोधपुर, बीकानेर, अजमेर, उदयपुर, कोटा, जयपुर, भरतपुर संभाग के कुछ भागों में मेघगर्जन के साथ अचानक तेज हवाएं, हल्के से मध्यम बारिश व कहीं-कहीं ओलावृष्टि होने की संभावना है।
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31 मार्च : बीकानेर, जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर, संभाग के जिलों में मेघगर्जन के साथ हल्के से मध्यम बारिश, तेज हवाएं व ओलावृष्टि का दौर जारी रहने की प्रबल संभावना है। 1 अप्रेल से विक्षोभ का असर समाप्त होने की संभावना है।