जानिए क्यों और किसे दी है ऐसी चेतावनी ?
चंदिया- नगर परिषद के उपाध्यक्ष अनुपम चतुर्वेदी सहित आधा दर्जन पार्षदों ने आगामी 26 जनवरी को आत्मदाह की चेतावनी देते हुये मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश शासन को एक पत्र भेजा है। जिसमें स्पष्ट उल्लेख है कि नगर परिषद चंदिया में विगत तीन वर्ष के अंतराल में पारित प्रस्तावित का क्रियान्वयन नही किया गया है, कथली नदी में नगर के प्रदूषित पानी के प्रवेश में रोक नहीं लगाई गई है एवं बारात घर आदि विकास के कार्य नहीं कराए गए हैं।
ऐसी स्थिति में 11 जनवरी 18 से 20 जनवरी 18 तक क्रमिक अनशन 20 जनवरी से 25 जनवरी तक भूख हड़ताल एवं 26 जनवरी को आत्मदाह की चेतावनी दी है।
पार्षदो ने यह भी बताया कि परिषद का गठन हुये लगभग तीन वर्ष गुजर चुके हैं। इसके बावजूद भी नगर के 1 से 15 वार्डो के विकास से संबंधित विभिन्न प्रस्तावों क्रियान्वयन, आधे से अधिक कार्यो की शुरुआत नहीं हो सकी। जिससे नगर की विकास की गति शून्य सी हो गयी है। पार्षदों ने यह भी बताया गया कि नगर अंतर्गत कथली नदी चंदिया की जीवन दायनी नदी है। जिसका की रीवा रियासत के समय से ही काफी महत्व रहा है। आज भी नगर व क्षेत्रीय अंचल के लोग विभिन्न धार्मिक त्योहारो में स्नान आदि कार्य करते हैं।
नगर परिषद द्वारा नगर की नालियों का प्रदूषित संक्रमित पानी नदी में प्रवेश करा नदी के अस्तित्व में कुठाराघात किया जा रहा है। बताया गया है कि चंदिया नगर की आबादी लगभग पन्द्रह हजार की है। जिसमें गरीब पिछड़ी जाति की संख्या बहुतायत है। बारात घर के अभाव के चलते गरीब तबके के लोगों के शादी ब्याह आदि सामाजिक कार्यक्रमों को किये जाने में असुविधा होती है। जनहित में बारात घर का निर्माण आवश्यक है आदि समस्याओं को लेकर पार्षदों ने चेतावनी दी है। जिनमें प्रमुख रुप से पुरुषोत्तम कोल, द्रोपती कोल, शोभा बाई, अनुपम चतुर्वेदी, संध्या यादव एवं हेमंत कुमार कुशवाहा आदि शामिल है।