वाराणसी

सावन के 19 दिनों में 53 लाख से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे बाबा विश्वनाथ के दरबार, सोमवारी पर 15 लाख, मंदिर प्रशासन ने जारी किया आंकड़ा

Sawan 2026: श्री काशी विश्वनाथ मंदिर प्रशासन ने सावन माह के 19 दोनों का आंकड़ा जारी करते हुए बताया है कि अब तक 53 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं ने मंदिर में बाबा विश्वनाथ का दर्शन पूजन किया है..
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Aug 21, 2026
VIP darshan suspended at Kashi Vishwanath Temple during Sawan
Kashi Vishwanath Temple

Shree Kashi Vishwanath Temple: श्रावण मास में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर की तरफ श्रद्धालुओं का रुझान बढ़ा है। मंदिर प्रशासन ने सावन माह के 19 दोनों का आंकड़ा जारी करते हुए बताया है कि अब तक 53 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं ने मंदिर में बाबा विश्वनाथ का दर्शन पूजन किया है। वहीं, सावन की तीन सोमवारी पर करीब 15 लाख लोग मंदिर में मत्था टेक चुके हैं। मंदिर प्रशासन को उम्मीद है कि श्रवण मास की समाप्ति के दौरान यह आंकड़ा 80 लाख तक पहुंच जाएगा।

जानें क्या बोले मंदिर के सीईओ

श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) विश्व भूषण मिश्रा ने बताया है कि मंदिर में सावन मास की शुरुआत से लेकर अब तक 19 दिनों में कुल 53,69,634 लोगों ने बाबा विश्वनाथ के दरबार में मत्था टेका है। उन्होंने बताया कि श्रावण मास में तीन सोमवार बीत चुका है और प्रत्येक सोमवार को करीब 5 से 5.50 लाख श्रद्धालु मंदिर में दर्शन पूजन कर चुके हैं। यदि इसका आंकड़ा देखा जाए तो करीब 15 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने केवल सावन माह की सोमवारी को मंदिर में अपनी हाजिरी लगाई है।

उन्होंने बताया कि सावन की समाप्ति में 9 दिन का समय शेष है, ऐसे में मंदिर प्रशासन को उम्मीद है कि करीब 80 लाख श्रद्धालु पूरे सावन महीने में मंदिर में बाबा विश्वनाथ के दर्शन पूजन करेंगे। उन्होंने बताया कि काशी विश्वनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं को सुगमता से दर्शन हो इसके लिए मंदिर प्रशासन ने कई तरह की व्यवस्थाएं कर रखी है, जिसमें खोया पाया केंद्र, मेडिकल हेल्प काउंटर इत्यादि की व्यवस्थाएं की गई हैं। पीने का पानी की व्यवस्था, ग्लूकोज का वितरण इत्यादि व्यवस्थाएं भी श्रद्धालुओं के लिए मंदिर प्रशासन ने कर रखी हैं।

मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने श्रद्धालुओं से आग्रह किया है कि वह खाली पेट दर्शन करने के लिए न पहुंचे। उन्होंने बताया कि कई बार दर्शन की अवधि बढ़ जाती है, ऐसे में श्रद्धालुओं को लाइन में खड़ा होना पड़ता है। यदि खाली पेट रहेंगे तो श्रद्धालुओं को चक्कर भी आ सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए श्रद्धालु खाली पेट बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने ना पहुंचें। उन्होंने बताया कि हालांकि मंदिर प्रशासन ने इस तरह की व्यवस्था कर रखी है कि 25 से 30 मिनट के अंदर श्रद्धालुओं को बाबा विश्वनाथ के दर्शन हो जा रहे हैं, फिर भी विषम परिस्थितियों में श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिहाज से उनसे यह अपील की जा रही है।

वीआईपी व प्रोटोकॉल दर्शन पर रोक

उन्होंने बताया कि सावन माह की शुरुआत होने से पहले ही मंदिर प्रशासन ने बताया था कि मंदिर में किसी भी तरह के वीआईपी दर्शन और प्रोटोकॉल दर्शन की व्यवस्था नहीं होगी। फिर भी यदि कोई दिव्यांग, वृद्धि या जरूरतमंद श्रद्धालु मंदिर पहुंचने हैं तो उनके दर्शन के लिए अलग से व्यवस्था की जा सकती है। उन्होंने बताया कि विश्वनाथ मंदिर प्रशासन सबसे पहले सामान्य श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखता है और यदि संभव हो पता है तो विशेष परिस्थितियों में ऐसे श्रद्धालुओं को विशेष रूप से बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने पर विचार किया जाता है।

Updated on:
21 Aug 2026 09:58 am
Published on:
21 Aug 2026 09:58 am
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