
Sand Bags Recovered from Sewer Line in Varanasi: उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में बीते दिनों हुई बारिश के बाद जल जमाव की स्थिति उत्पन्न होने से नगर निगम हरकत में आया। वहीं, यहां की सीवर लाइन में बालू से भरी बोरियां निकलकर सामने आईं। इसके बाद एक बड़े साजिश का खुलासा हुआ है। नगर निगम का मानना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसदीय क्षेत्र होने के कारण जानबूझकर काशी को बदनाम करने की कोशिश की गई है। इस मामले में नगर निगम ने मुकदमा भी दर्ज कराया है, लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि सीवर लाइन से बोरियों का मिलना अभी भी लगातार जारी है। नगर निगम शहर के अलग-अलग इलाकों से सीवर की सफाई के दौरान बोरिया निकाल रहा है।
शहर के विभिन्न इलाकों से बालू से भरी बोरियां मिलने के बाद अब नगर निगम ने इसकी जांच के लिए एक टीम का गठन कर दिया है। वाराणसी में बीते दिनों जल जमाव होने के बाद विपक्ष ने काशी मॉडल को लेकर सरकार पर कई सवाल खड़े किए थे। इस मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने एक अधिशासी अभियंता को भी निलंबित कर दिया है। दरअसल, 4 सितंबर को चौकाघाट और में पंप बंद रखने के दौरान नगर विकास मंत्री ने वाराणसी में जल भराव पर नाराजगी दिखाई थी, जिसके बाद यह एक्शन हुआ है, लेकिन ऐसे में सवाल उठ रहा है कि सीवर से बोरियां बरामद हो रही हैं तो इन्हें किसने डाला,
शनिवार को वाराणसी के शिवाला इलाके से बोरिया मिलने के बाद अब इस मामले में जांच की जा रही है, नगर निगम की टीम ने बेनिया बाग, नगवा, सरायनन जैसे इलाकों में सिवरों की जांच की और यहां से भी बोरियां निकाली गई हैं। जनसंपर्क अधिकारी संदीप श्रीवास्तव के मुताबिक, नगर निगम की टीम ने विभिन्न इलाकों से दो दर्जन से अधिक बोरियां निकली है और टीम लगातार जल जमाव वाले क्षेत्रों में नजर बनाए हुए है। उन इलाकों में शिवरों की हालत देखी जा रही है और उसकी सफाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि नगर निगम की टीम ने जलकल विभाग की तरफ से तहरीर देकर इस मामले में भेलुपुर थाने में मुकदमा भी दर्ज कराया है, जिसकी जांच पुलिस ने शुरू कर दी है।
जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि इस तरह के कृत्य करने वाले लोगों की पहचान के लिए सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खगली जा रही है, जल्द ही साजिश के इस पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा। वहीं, इस मामले को विपक्ष द्वारा उठाए जाने के बाद नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने शहर के लोगों से अपील की है कि यदि उनके भी इलाके में जल जमाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है तो इसकी सूचना नगर निगम को तत्काल दें। उन इलाकों में सीवर की जांच की जाएगी। इसके साथ ही यदि कोई व्यक्ति सीवर लाइन के साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश करता है तो उसकी जानकारी भी नगर निगम को दी जाए ताकि समय रहते ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।