
Ali Khamenei Funeral: ईरान में अली खामेनेई के अंतिम संस्कार का कार्यक्रम चल रहा है। पूरी दुनिया में इसकी चर्चा हो रही है। साथ ही कई तरह के वीडियो और फोटोज भी सोशल मीडिया पर शेयर किये जा रहे हैं। इसी दौरान डोनाल्ड ट्रंप का पुतला फांसी पर लटकाया गया। 'किल ट्रंप' और 'देयर विल बी ब्लड' वाले पोस्टर भी दिखे।
ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान तेहरान में बड़ी संख्या में जुटे लोगों के बीच अमेरिका और इजरायल विरोधी नारे गूंजे। अंतिम यात्रा में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला फांसी पर लटकाकर ले जाया गया, जबकि कई पोस्टरों पर ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के खिलाफ हिंसक संदेश भी लिखे गए।
तेहरान में सोमवार को निकली अंतिम यात्रा के दौरान कई प्रदर्शनकारियों ने 'डेथ टू अमेरिका' और 'डेथ टू इजरायल' के नारे लगाए। भीड़ में ट्रंप का फांसी पर लटका पुतला भी दिखाई दिया, जिसे ईरानी समर्थक झंडे के साथ प्रदर्शित किया गया।सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कुछ लोग ट्रंप की तस्वीर वाले पोस्टर पर वस्तुएं फेंकते भी नजर आए।
अंतिम यात्रा में एक बड़ा पोस्टर भी लगाया गया था, जिसमें डोनाल्ड ट्रंप और बेंजामिन नेतन्याहू को 'वांटेड' के रूप में दिखाया गया। पोस्टर पर अंग्रेजी में 'There will be blood' और Kill Trump' जैसे संदेश लिखे थे। दोनों नेताओं की तस्वीरों पर क्रॉसहेयर का निशान बनाया गया था और नीचे ताबूत दर्शाए गए थे।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इसी पोस्टर पर यह भी लिखा था कि जो व्यक्ति दोनों नेताओं को 'मार देगा', उसे 20-20 वर्ग मीटर के 100 भूखंड इनाम में दिए जाएंगे। कुछ अन्य पोस्टरों में अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ और बेंजामिन नेतन्याहू की तस्वीरों के साथ भी 'There will be blood' लिखा हुआ था।
कार्यक्रम में दिखाई दिए एक अरबी नारे 'ओ एवेंजर्स ऑफ हुसैन' (हुसैन का बदला लेने वालों) का इस्तेमाल भी किया गया। यह शिया परंपरा में शहादत और प्रतिशोध की धार्मिक अवधारणा से जुड़ा माना जाता है।
अंतिम संस्कार से पहले रविवार को आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में शोक वक्ता मोहम्मद रसूली ने भी ट्रंप के खिलाफ तीखी टिप्पणी की। रसूली ने कहा, 'जिसने मेरे इमाम और मेरे नेता की हत्या की, उसे हम क्यों न मारें? अगर हम उसके हत्यारे को नहीं मारते तो यह हमारे लिए शर्म की बात होगी।' उन्होंने लोगों से 'डेथ टू अमेरिका' और 'डेथ टू इजरायल' के नारे लगाने की अपील करते हुए कहा कि 'ट्रंप की हत्या हमारा कर्तव्य है।' उनके इस बयान पर मौजूद लोगों ने तालियां बजाईं।
इन घटनाओं के बीच डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी न्यूज एजेंसी को दिए इंटरव्यू में दावा किया कि यदि अमेरिका चाहे तो ईरानी नेतृत्व को 'एक ही वार में खत्म' कर सकता है। ट्रंप ने कहा कि अंतिम संस्कार में ईरान के शीर्ष नेता एक जगह मौजूद हैं, लेकिन अमेरिका ऐसा नहीं करेगा क्योंकि 'फिर बातचीत के लिए कोई नहीं बचेगा।'