अमेरिका-इजराइल ने मिलकर ईरान के बुशहर न्यूक्लियर एनर्जी प्लांट के पास शनिवार को मिसाइल हमला किया, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई।
अमेरिका-इजराइल ने मिलकर ईरान के बुशहर न्यूक्लियर एनर्जी प्लांट के पास शनिवार को एक मिसाइल गगिराई थी। इसमें एक व्यक्ति की जान भी चली गई।
अब अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) ने भी यह साफ कर दिया है कि ईरान में बुशहर न्यूक्लियर एनर्जी प्लांट के पास हमला हुआ था।
राहत की बात ये है कि मिसाइल सीधे तौर पर परमाणु प्लांट में नहीं गिरी, जिससे बड़ा नुकसान नहीं हुआ। एजेंसी के अनुसार, हमला परमाणु प्लांट से महज 75 मीटर की दूरी पर हुआ। अगर निशाना सीधे प्लांट होता तो अभी दुनिया का नजारा कुछ और होता।
आईएईए ने सैटेलाइट तस्वीरों और तकनीकी जानकारी के आधार पर ये जानकारी दी। आधिकारिक एक्स हैंडल पर एजेंसी ने डीजी रफेल ग्रॉसी के हवाले से इसकी जानकारी दी।
आईएईए ने एक्स पोस्ट में लिखा- एजेंसी इस बात की पुष्टि करती है कि ईरान के बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट (बीएनपीपी) के पास सैन्य हमला हुआ।
उन्होंने आगे लिखा- इनमें से एक हमला तो प्लांट की सीमा से महज 75 मीटर की दूरी पर हुआ था। 5 अप्रैल की तस्वीरों के आईएईए के विश्लेषण से पता चलता है कि बीएनपीपी को सीधा नुकसान नहीं पहुंचा है।
इसके साथ ही ग्रॉसी ने एक चेतावनी भी दी। उन्होंने कहा कि बीएनपीपी जो कि भारी मात्रा में परमाणु ईंधन वाला एक चालू प्लांट है।
उसके पास लगातार जारी सैन्य गतिविधियां एक गंभीर रेडियोलॉजिकल रिसाव का कारण बन सकती हैं, जिसके परिणाम मानव समाज और पर्यावरण के लिए बेहद खौफनाक हो सकते हैं।
डीजी ग्रॉसी के अनुसार, निशाना बनाए गए लक्ष्यों की प्रकृति चाहे जो भी हो, लेकिन ऐसे हमले परमाणु सुरक्षा के लिए बहुत बड़ा खतरा हैं और इन्हें तुरंत रोका जाना चाहिए।
एक बार फिर ग्रॉसी ने सभी पक्षों से संघर्ष के दौरान परमाणु सुरक्षा और संरक्षा सुनिश्चित करने वाले 7 अनिवार्य स्तंभों का सम्मान करने की अपील की।
बता दें कि इससे पहले ईरान ने इस मामले को लेकर आईएईए को एक चिट्ठी भी लिखी, जिसमें चेतावनी दी कि अगर ऐसे हमले जारी रहे, तो इससे रेडियोएक्टिव रिसाव का खतरा बढ़ सकता है, जो न सिर्फ ईरान बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए विनाशकारी साबित हो सकता है।
तेहरान ने हमलों की महज निंदा करने की प्रवृत्ति को चुप्पी सरीखा करार दिया। उन्होंने कहा कि आपकी चुप्पी हमलावरों को बढ़ावा दे रही है और उनके हौसलों को और बल मिल रहा है।