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बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन के बीच मोहम्मद यूनुस के करीबी अचानक छोड़ रहे देश, क्या है वजह?

बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन के बीच मोहम्मद यूनुस के करीबी सलाहकार फैज अहमद तैयब के अचानक देश छोड़ने की खबर से सियासी हलचल तेज हो गई है। बीएनपी की जीत और नई सरकार के शपथ ग्रहण से पहले उठे “सेफ एग्जिट” विवाद की पूरी कहानी पढ़ें।
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Updated: 17 Feb 2026, 2:19 PM IST
Muhammad Yunus
Chief Adviser of the Government of Bangladesh Professor Muhammad Yunus (Photo - IANS)

Bangladesh power transition: अगस्त 2024 में बांग्लादेश (Bangladesh) में हुए हिंसक आंदोलन के बाद चल रहे राजनीतिक फेरबदल के बीच मोहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) की अंतरिम सरकार सत्ता का हस्तांतरण कर रही है। हाल ही में हुए आम चुनाव में तारिक रहमान (Tarique Rahman) की पार्टी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (Bangladesh Nationalist Party -BNP) ने बड़ी जीत हासिल की है। चुनी हुई नई सरकार आज (17 फरवरी 2026) शपथ ले रही है। इसी बीच खबर सामने आई कि अंतरिम सरकार के मुखिया मोहम्मद यूनुस के एक करीबी सहयोगी देश छोड़ने की तैयारी में हैं या इसकी फिराक में थे।

ऐसे में अहम सवाल उठता है कि सत्ता परिवर्तन के इस दौर में ईमानदारी और पारदर्शिता का दावा करने वाली अंतरिम सरकार के प्रमुख के करीबी देश छोड़कर क्यों जाना चाहते हैं। ढाका से प्रकाशित प्रमुख अखबार 'The Daily Star' ने भी इस मामले को प्रमुखता से उठाया है। अखबार के अनुसार, यूनुस के करीबी सलाहकार फैज अहमद तैयब ने जर्मनी के लिए फ्लाइट बुक कराई है। अखबार की हेडलाइन “सरप्राइज डिपार्चर” काफी चर्चा में है। फैज अहमद तैयब इंटरनेशनल क्राइम्स ट्राइब्यूनल और टेलीकॉम्युनिकेशंस मामलों में यूनुस सरकार के सलाहकार थे।

वहीं, चुनाव के बाद बांग्लादेश में “सेफ एग्जिट” (सुरक्षित निकास) का मुद्दा भी उठा था। नेशनल सिटीजन पार्टी के नेता नसीरुद्दीन पटवारी (Nasiruddin Patwari) ने सलाहकारों को चेतावनी दी थी कि देश छोड़ने के बारे में सोचने से पहले वे अपनी संपत्तियों की घोषणा करें और अपने कार्यों का पूरा हिसाब दें। उन्होंने कहा था कि जनता को बताया जाए कि अब तक क्या काम किया गया है और प्रदर्शन को पारदर्शी तरीके से देश के सामने रखा जाए।

क्या है वजह?

अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि यूनुस के सलाहकार देश छोड़कर क्यों जाना चाहते हैं? कयास लगाए जा रहे हैं कि संभावित राजनीतिक परिणामों या जांच की आशंका से बचने के लिए कुछ करीबी सहयोगी जल्दबाजी में देश छोड़ने की कोशिश कर रहे हैं या जा चुके हैं। हालांकि, आधिकारिक तौर पर इस संबंध में स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है।

Updated on:
17 Feb 2026, 2:19 PM IST
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