ताजा मामला नरसिंगदी जिले से सामने आया है, जहां अज्ञात हमलावरों ने एक 40 वर्षीय हिंदू किराना दुकानदार मोनी चक्रवर्ती की धारदार हथियार से गोदकर हत्या कर दी।
Violence Against Hindus in Bangladesh: बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के खिलाफ हिंसा का सिलसिला जारी है। ताजा मामला नरसिंगदी जिले से सामने आया है, जहां अज्ञात हमलावरों ने एक 40 वर्षीय हिंदू किराना दुकानदार मोनी चक्रवर्ती की धारदार हथियार से गोदकर हत्या कर दी। यह घटना रात करीब 11 बजे पलाश उपजिला के चर्सिंदुर बाजार में हुई, जिसके बाद 15 जनवरी को मीडिया में रिपोर्ट्स अपडेट हुईं।
मोनी चक्रवर्ती शिबपुर उपजिला के साधुचार यूनियन के रहने वाले थे और लंबे समय से चर्सिंदुर बाजार में अपनी किराना दुकान चला रहे थे। वे दुकान बंद करके घर लौट रहे थे, तभी अज्ञात हमलावरों ने उन पर अचानक धारदार हथियार (चाकू या लोकल बना ब्लेड) से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल मोनी को स्थानीय लोगों ने तुरंत पलाश उपजिला स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पलाश थाना के अधिकारी-इन-चार्ज (ओसी) शाहिद अल मामून ने हत्या की पुष्टि की और कहा कि पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है, लेकिन अभी तक कोई आरोपी गिरफ्तार नहीं हुआ है और हमले का मकसद स्पष्ट नहीं है।
यह हत्या उसी दिन हुई, जब जेसोर जिले में एक अन्य हिंदू कारोबारी और अखबार 'बीडी खबर' के कार्यकारी संपादक राणा प्रताप बैरागी (38 वर्ष) की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वे आइस फैक्ट्री के मालिक थे। हमलावरों ने उन्हें फैक्ट्री से बाहर बुलाकर सिर में कई गोलियां मारीं और गला रेत दिया।
पिछले 25 दिनों (दिसंबर 2025 से जनवरी 2026) में हिंदू युवकों और कारोबारियों पर हमलों का सिलसिला तेज हो गया है। कुछ प्रमुख घटनाएं:
इन घटनाओं से हिंदू समुदाय में गहरा डर और असुरक्षा का माहौल है। मानवाधिकार संगठन और अल्पसंख्यक नेता इसे लक्षित हिंसा बता रहे हैं, जबकि अंतरिम सरकार इसे अलग-अलग मामलों के रूप में पेश कर रही है। पुलिस जांच कर रही है, लेकिन गिरफ्तारियां कम हैं।
यह सिलसिला बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।