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बलूचिस्तान में BLF का बड़ा दावा: ऑपरेशन अलमास में मारे गए MI कैप्टन और कई SSG कमांडो

बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (BLF) ने 'ऑपरेशन अलमास' के दौरान पाकिस्तानी सेना के MI कैप्टन और SSG के कई जवानों को मारने का दावा किया है। जानें पूरा मामला।
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Updated: 23 Oct 2026, 4:09 PM IST
Balochistan Liberation Front
बलूचिस्तान में BLF का दावा, MI कैप्टन और SSG जवानों को मार गिराया, Photo Source@ANI

Operation Almas: बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (BLF) ने दावा किया है कि उसके लड़ाकों ने अपने चल रहे 'ऑपरेशन अलमास' के दौरान मिलिट्री इंटेलिजेंस (MI) के एक कैप्टन और पाकिस्तान सेना के स्पेशल सर्विसेज ग्रुप (SSG) के कई जवानों को मार गिराया है। संगठन का आरोप है कि इस दौरान कई जगहों पर पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को भारी जान-माल का नुकसान उठाना पड़ा है।
संगठन के प्रवक्ता मेजर ग्वहराम बलूच द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में, BLF ने कहा कि यह ऑपरेशन कई मोर्चों पर 'पूरी तीव्रता और सफलता' के साथ जारी है। BLF ने दावा किया कि अलग-अलग इलाकों में हुई झड़पों के बाद पाकिस्तानी बलों को पीछे हटने के लिए मजबूर होना पड़ा।

ग्वादर जीरो पॉइंट पर लहराया झंडा

बयान के अनुसार, BLF के लड़ाकों ने फ्रंटियर वर्क्स ऑर्गनाइजेशन (FWO) के मुख्य कैंप पर भी कब्जा कर लिया और ग्वादर जीरो पॉइंट पर अपने संगठन का झंडा फहराया। संगठन ने इसे चल रहे ऑपरेशन के दौरान अपनी प्रगति का सबूत बताया है।

BLF ने आगे दावा किया कि उसके लड़ाकों ने मुझानी पुलिस स्टेशन पर नियंत्रण कर लिया है और वहां से सरकारी हथियार व सैन्य उपकरण जब्त कर लिए हैं। संगठन का आरोप है कि इस झड़प के दौरान एक पुलिस अधिकारी मारा गया।

पाकिस्तानी सेना के काफिले पर हमला

गुब्द में हुई एक अन्य घटना के बारे में संगठन ने बताया कि उसके लड़ाकों ने पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के एक काफिले पर हमला किया, जिसमें सेना का एक वाहन नष्ट हो गया और उसमें सवार कई जवान मारे गए या घायल हो गए। बयान में यह भी दावा किया गया कि गुब्द क्रॉस पर स्थित पुलिस चेकपॉइंट अब BLF लड़ाकों के नियंत्रण में है।

संगठन ने कहा कि 'ऑपरेशन अलमास' कई जगहों पर जारी है और ऑपरेशन पूरा होने के बाद मीडिया को और जानकारी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि बाद में इस ऑपरेशन का पूरा विवरण और हताहतों की अंतिम संख्या सार्वजनिक की जाएगी। BLF ने बयान में बताए गए इन हमलों की जिम्मेदारी ली है।

पाकिस्तान पर लोगों के गायब होने के आरोप

पाकिस्तान पर जबरन लोगों को गायब करने और बिना कानूनी प्रक्रिया के हत्याएं (एक्स्ट्राज्यूडिशियल किलिंग) करने के गंभीर आरोप लगते रहे हैं, खासकर बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा जैसे क्षेत्रों में। एमनेस्टी इंटरनेशनल और ह्यूमन राइट्स वॉच जैसे मानवाधिकार समूहों ने बार-बार चिंता जताई है कि सुरक्षा एजेंसियों द्वारा बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के कार्यकर्ताओं, छात्रों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं को गायब कर दिया गया है।

Updated on:
23 Oct 2026, 4:09 PM IST
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