
चीन में एक बार फिर से कोरोनावायरस संक्रमण के मामलों में इजाफा होते नजर आ रहा है। बुधवार चीनी सरकार के जारी रिपोर्ट के अनुसार, कोविड केस 31,454 के रेकॉर्ड स्तर पर पहुंच गए। चीन के राष्ट्रीय स्वास्थ्य ब्यूरो के आंकड़ों ने चौंका दिया है। जेंगझू में एक हिंसक विरोध प्रदर्शन के बाद लॉकडाउन लगा दिया गया है। एक दिन में इतनी ज्यादा मामले सामने आने के बाद चीन सरकार अलर्ट हो गई है। उसने लॉकडाउन, यात्रा पाबंदियां लगाने के अलावा परीक्षण व टीकाकरण को भी तेज कर रही है, ताकि कोरोना के विस्तार पर अंकुश लगाया जाए।
जेंगझू में पूर्ण लॉकडाउन
एपल प्लांट में श्रमिकों व सुरक्षा कर्मियों के बीच हिंसक विरोध प्रदर्शन के बाद के बाद जेंगझू के कई जिलों में लॉकडाउन लगा दिया गया है। स्थानीय निवासियों को यह सलाह दी गई है कि, जब तक आवश्यक न हो, वे अपने घरों से बाहर न निकलें।
बुधवार के आंकड़ों से अलर्ट हुआ चीन
राष्ट्रीय स्वास्थ्य ब्यूरो ने कहा कि चीन में बुधवार को 31,454 नए मामले सामने आए थे। जिसमें से 27,517 में कोई लक्षण नहीं थे। अगर चीन की 1.4 बिलियन की आबादी को देखा जाए तो यह आंकड़ा बेहद कम है। चीन में अप्रैल 2022 में 29,390 नए मामले सामने आए थे। पर बुधवार के आंकड़ों ने अधिकतम उंचाई को छू लिया है। अप्रैल में चीन की मेगासिटी शंघाई में लॉकडाउन लगा दिया गया था।
चीन में जीरो कोविड पॉलिसी लागू
चीन में है जीरो कोविड पॉलिसी लागू है। इसके तहत अगर मामूली कोरोना केस भी मिलते हैं तो पूरे शहर की तालाबंदी कर दी जाती है। और कोविड पीड़ितों और उनके संपर्क में आने वाले लोगों को सख्त क्वारंटाइन में रखा जाता है।
चीन की अर्थव्यवस्था कोरोना से प्रभावित
चीन में कोरोनावायरस संक्रमण के 3 साल पूरे होने जा रहे हैं। जीरो कोविड नीति चीनी जनता में आक्रोश है। जनता सड़कों पर इसका विरोध-प्रदर्शन करती रहती है। चीन की अर्थव्यवस्था कोरोना से काफी प्रभावित हो रही है।