विदेश

अमेरिकी कंपनियों पर डिजिटल टैक्स लगाने वाले देशों पर लगेगा 100% टैरिफ, क्या भारत पर होगा असर?

Donald Trump Tariff Threat: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी टेक कंपनियों पर डिजिटल टैक्स लगाने वाले देशों पर 100% टैरिफ लगाने की चेतावनी दी है। जानिए इस फैसले का भारत पर कितना असर पड़ेगा।
3 min read
Jun 27, 2026
US President Donald Trump
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (ANI)

Donald Trump 100% Tariff: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने एक बार फिर वैश्विक व्यापार को लेकर बड़ा बयान दिया है। ट्रंप ने साफ कहा है कि जो भी देश अमेरिकी टेक कंपनियों पर डिजिटल सर्विसेज टैक्स (Digital Services Tax - DST) लगाएगा, उसके अमेरिका भेजे जाने वाले सभी सामानों पर 100% टैरिफ लगाया जाएगा। इतना ही नहीं, ऐसे देशों के साथ किए गए मौजूदा व्यापार समझौते भी रद्द किए जा सकते हैं। यह बयान ऐसे समय आया है, जब अमेरिका और कई देशों के बीच डिजिटल टैक्स को लेकर पहले से ही तनाव बना हुआ है।

ट्रंप ने क्या कहा?

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि अगर कोई देश अमेरिकी डिजिटल कंपनियों पर टैक्स लगाता है, तो उसके सभी उत्पादों पर अमेरिका तत्काल 100% आयात शुल्क (टैरिफ) लगाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि यह फैसला उस देश के साथ हुए सभी व्यापार समझौतों पर लागू होगा, चाहे वे पहले से लागू हों या भविष्य में लागू होने वाले हों।

डिजिटल टैक्स के विरोध क्यों ट्रंप?

ट्रंप प्रशासन का मानना है कि डिजिटल सर्विसेज टैक्स का सबसे ज्यादा असर अमेरिकी टेक कंपनियों पर पड़ता है। इस टैक्स के दायरे में गूगल की मूल कंपनी Alphabet, Meta, Amazon, Apple जैसी बड़ी अमेरिकी कंपनियां आती हैं। ट्रंप का कहना है कि यह टैक्स अमेरिकी कंपनियों के खिलाफ भेदभाव करता है और उनके कारोबार को नुकसान पहुंचाता है।

क्या भारत पर पड़ेगा असर?

फिलहाल इसकी संभावना काफी कम है। दरअसल, भारत पहले ही विदेशी डिजिटल कंपनियों पर लगने वाली इक्वलाइजेशन लेवी (Equalisation Levy) यानी चर्चित गूगल टैक्स को समाप्त कर चुका है।

भारत ने कौन-कौन से टैक्स हटाए?

2016 में भारत ने विदेशी डिजिटल कंपनियों की ऑनलाइन विज्ञापन सेवाओं पर 6% Equalisation Levy लागू की थी। बाद में Finance Act 2024 के जरिए गैर-निवासी ई-कॉमर्स कंपनियों पर लगने वाली 2% Equalisation Levy भी खत्म कर दी गई। इसके बाद Finance Bill 2025 में संशोधन कर डिजिटल विज्ञापन सेवाओं पर लगने वाली 6% लेवी को भी 1 अप्रैल 2025 से समाप्त कर दिया गया। सरकारी अधिकारियों के अनुसार, इस कदम का एक प्रमुख उद्देश्य अमेरिका के साथ व्यापारिक रिश्तों को बेहतर बनाना और संभावित व्यापारिक विवादों से बचना था।

किन देशों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर?

ट्रंप की इस चेतावनी का सबसे बड़ा असर यूरोपीय संघ (European Union) के कई देशों पर पड़ सकता है। फ्रांस, ब्रिटेन, स्पेन और ऑस्ट्रिया जैसे देशों ने डिजिटल सर्विसेज टैक्स लागू किया हुआ है या उसके पक्ष में हैं। ऐसे देशों के उत्पादों पर अमेरिका 100% टैरिफ लगाने की कार्रवाई कर सकता है।

फ्रांस पहले भी बन चुका है निशाना

इस महीने की शुरुआत में ट्रंप ने फ्रांस को भी चेतावनी दी थी कि यदि उसने अपना डिजिटल टैक्स वापस नहीं लिया, तो फ्रांस से आने वाली वाइन और शैंपेन पर 100% टैरिफ लगाया जाएगा। गौरतलब है कि फ्रांस ने 2019 में बड़ी डिजिटल कंपनियों की आय पर 3% डिजिटल टैक्स लागू किया था, जिसका असर Google, Facebook, Amazon, Apple और Alphabet जैसी अमेरिकी कंपनियों पर पड़ता है।

यूरोपीय संघ ने क्या कहा?

ट्रंप की नई चेतावनी के बाद यूरोपीय संघ (EU) ने भी कड़ा रुख अपनाया है। यूरोपीय आयोग के प्रवक्ता ने कहा कि यदि अमेरिका ऐसा कदम उठाता है, तो यूरोपीय संघ अपने अधिकारों और नियामकीय स्वायत्तता की रक्षा के लिए तेजी और निर्णायक जवाब देगा।

अमेरिका पहले भी दे चुका है चेतावनी

अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (USTR) का कार्यालय पिछले कई वर्षों से फ्रांस, ब्रिटेन, स्पेन और ऑस्ट्रिया समेत कई देशों को चेतावनी देता रहा है कि यदि वे अमेरिकी टेक कंपनियों पर डिजिटल सर्विसेज टैक्स लागू रखते हैं, तो उन्हें जवाबी अमेरिकी टैरिफ का सामना करना पड़ सकता है।

Updated on:
27 Jun 2026 09:10 am
Published on:
27 Jun 2026 09:08 am
Also Read
View All